Jamshedpur Tribute : टाटा समूह ने ऐसे मनाया संस्थापक जमशेदजी टाटा का जन्मदिवस
Jamshedpur में टाटा ग्रुप ने जमशेदजी टाटा को दी ऐतिहासिक श्रद्धांजलि! जानें कैसे टाटा समूह ने इस खास मौके पर अपने संस्थापक को किया याद।

जमशेदपुर, जिसे टाटा नगर भी कहा जाता है, अपने संस्थापक जमशेदजी नसरवानजी टाटा के जन्मदिवस को बड़े सम्मान और उत्साह के साथ मनाता है। इस साल भी टाटा स्टील और टाटा समूह ने अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए भव्य समारोह आयोजित किए। टाटा स्टील के मेन गेट पर जमशेदजी टाटा की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया, जहां 42 से अधिक कंपनियों और प्लांट्स के विभिन्न विभागों की ओर से श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
टाटा समूह का भावनात्मक नमन
टाटा संस के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने टाटा स्टील के एमडी और सीईओ टीवी नरेंद्रन के साथ संस्थापक को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान रुचि नरेंद्रन, टाटा वर्कर्स यूनियन के अध्यक्ष संजीव चौधरी टुन्नु समेत कई वरिष्ठ अधिकारी, ट्रेड यूनियन से जुड़े लोग और टाटा स्टील तथा टाटा समूह के पदाधिकारी उपस्थित रहे।
संस्थापक दिवस की ऐतिहासिक झलक
टाटा समूह की स्थापना 1868 में हुई थी, और जमशेदजी टाटा ने इसे एक ऐसे औद्योगिक साम्राज्य में बदला जिसने भारत के औद्योगिक विकास की नींव रखी। जमशेदपुर, जिसे उन्होंने खुद योजनाबद्ध रूप से विकसित किया, देश का पहला आधुनिक इंडस्ट्रियल टाउन बना। उनकी दूरदर्शिता ने भारतीय स्टील उद्योग को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया और आज टाटा स्टील वैश्विक स्तर पर प्रतिष्ठित कंपनियों में गिनी जाती है।
पोस्टल पार्क में भी श्रद्धांजलि समारोह
श्रद्धांजलि समारोह के बाद टाटा समूह के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन बिष्टुपुर स्थित पोस्टल पार्क पहुंचे, जहां उन्होंने संस्थापक की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इस दौरान आम नागरिकों, समाजसेवियों और टाटा समूह के कर्मचारियों को आमंत्रित किया गया था।
जमशेदपुर में टाटा की छाप
जमशेदपुर शहर टाटा समूह के योगदान का जीवंत उदाहरण है। यह न केवल एक औद्योगिक हब है, बल्कि स्वच्छता, शिक्षा और बुनियादी सुविधाओं के मामले में भी अग्रणी है। टाटा स्टील और टाटा समूह यहां के नागरिकों को रोजगार देने के साथ-साथ सामाजिक कल्याण योजनाओं में भी सक्रिय भूमिका निभाते हैं।
समाज के प्रति टाटा का योगदान
टाटा समूह सिर्फ उद्योग नहीं, बल्कि समाज सेवा में भी अग्रणी है। शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यावरण और महिला सशक्तिकरण में टाटा समूह की पहलें पूरे देश के लिए मिसाल हैं। टाटा ट्रस्ट्स और टाटा मेमोरियल हॉस्पिटल जैसी संस्थाएं लाखों लोगों के जीवन में बदलाव ला रही हैं।
संस्थापक दिवस का महत्व
टाटा समूह के लिए यह दिन सिर्फ एक श्रद्धांजलि का नहीं, बल्कि अपने मूल्यों और आदर्शों को दोहराने का अवसर है। जमशेदजी टाटा की सोच और उनके योगदान को याद कर टाटा समूह अपने भविष्य को और मजबूत करने की दिशा में अग्रसर रहता है।
संस्थापक जमशेदजी टाटा की जयंती न केवल टाटा समूह, बल्कि पूरे जमशेदपुर के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है। यह दिन हमें यह सिखाता है कि कैसे एक व्यक्ति की दूरदर्शिता पूरे राष्ट्र को बदल सकती है। टाटा समूह आज भी अपने संस्थापक के मूल्यों पर चलते हुए नवाचार और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में अग्रणी बना हुआ है।
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