Weather Alert: झारखंड में फिर छाए बादल, कई जिलों में बारिश-ओलावृष्टि के आसार! जानिए कहां रहेगा मौसम का कहर
झारखंड में फिर बदलेगा मौसम! कई जिलों में बारिश, तेज हवा और ओलावृष्टि की चेतावनी, जानिए कहां रहेगा मौसम का सबसे ज्यादा असर।

झारखंड का मौसम फिर से करवट बदलने को तैयार है। शुक्रवार को भी राज्य के कई जिलों में गर्जन के साथ हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाएं चलने के संकेत हैं। कुछ इलाकों में ओलावृष्टि की भी संभावना जताई गई है। रांची स्थित मौसम विज्ञान केंद्र ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा है कि 5 अप्रैल तक ऐसा ही मौसम बने रहने की उम्मीद है, जबकि रामनवमी के दिन मौसम साफ रह सकता है।
कहां-कहां होगी बारिश, और कहां रहेगा मौसम शुष्क?
मौसम वैज्ञानिक अभिषेक आनंद के अनुसार, शुक्रवार को भी गढ़वा, पलामू, लातेहार, चतरा, गोड्डा, साहिबगंज, दुमका और पाकुड़ में बारिश की संभावना नहीं है। इन जिलों में मौसम शुष्क बना रहेगा, जबकि रांची, लोहरदगा, गुमला, खूंटी, पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिंहभूम, सिमडेगा और हजारीबाग जैसे जिलों में गर्जन और तेज हवाओं के साथ बारिश हो सकती है।
इतना ही नहीं, एक-दो स्थानों पर तेज हवा के साथ ओलावृष्टि की चेतावनी भी दी गई है। जो किसान खेतों में तैयार फसलों की कटाई की तैयारी में हैं, उनके लिए यह अलर्ट बेहद जरूरी है।
तापमान में होगी बढ़ोतरी
बारिश और बादलों के बावजूद झारखंड में तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस तक की वृद्धि दर्ज की जा सकती है। गुरुवार को सबसे अधिक तापमान पाकुड़ में 38.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। राजधानी रांची का अधिकतम तापमान 35.4 डिग्री रहा।
गुरुवार को भी बदला मौसम
गुरुवार को दोपहर के बाद झारखंड के अधिकांश जिलों में मौसम ने अचानक करवट ली। कई स्थानों पर तेज हवा और बादलों की गड़गड़ाहट के साथ हल्की बारिश हुई। लोहरदगा में पांच मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई। वहीं, रांची में भी तेज हवा और छिटपुट बारिश के कारण मौसम सुहाना हो गया।
देर रात तक गढ़वा, गुमला, सिमडेगा और पश्चिमी सिंहभूम में भी बारिश की खबरें सामने आईं।
7 अप्रैल से फिर बदल सकता है मौसम
मौसम विभाग का कहना है कि 5 अप्रैल तक मौसम साफ हो सकता है, लेकिन 7 अप्रैल से दोबारा बादल छा सकते हैं और कुछ इलाकों में फिर से हल्की बारिश हो सकती है। यह बदलाव खासतौर पर संताल परगना क्षेत्र में देखने को मिल सकता है।
इतिहास गवाह है – झारखंड का अप्रैल हमेशा रहस्यमय
झारखंड में अप्रैल महीना अक्सर मौसम के उतार-चढ़ाव के लिए जाना जाता है। कभी तेज गर्मी, तो कभी अचानक बारिश और आंधी, यह समय किसानों और आम नागरिकों – दोनों के लिए सतर्कता का होता है। पिछले वर्षों में भी अप्रैल के पहले सप्ताह में ओलावृष्टि और तेज हवाएं दर्ज की गई हैं, जो खेतों को भारी नुकसान पहुंचा चुकी हैं।
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