Parsudih Fire: बड़ी तबाही, जमशेदपुर में रिटायर्ड टाटा मोटर्स कर्मी का घर जलकर खाक, सोना-चांदी और सारे कागजात राख

जमशेदपुर के कीताडीह में मंगलवार तड़के एक बंद घर में भीषण आग लगने से लाखों की संपत्ति स्वाहा हो गई है। टाटा मोटर्स के पूर्व कर्मचारी के घर में मची इस तबाही, शॉर्ट सर्किट की असली वजह और स्थानीय लोगों के जांबाज रेस्क्यू ऑपरेशन की पूरी रिपोर्ट यहाँ दी गई है वरना आप भी बंद घर में छिपे इस 'साइलेंट किलर' के खतरे को कभी नहीं जान पाएंगे।

Jan 6, 2026 - 13:18
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Parsudih Fire: बड़ी तबाही, जमशेदपुर में रिटायर्ड टाटा मोटर्स कर्मी का घर जलकर खाक, सोना-चांदी और सारे कागजात राख
Parsudih Fire: बड़ी तबाही, जमशेदपुर में रिटायर्ड टाटा मोटर्स कर्मी का घर जलकर खाक, सोना-चांदी और सारे कागजात राख

जमशेदपुर/परसुडीह, 6 जनवरी 2026 – लौहनगरी के परसुडीह थाना क्षेत्र अंतर्गत कीताडीह मदरसा के पास मंगलवार की सुबह एक भयानक मंजर देखने को मिला। यहाँ टाटा मोटर्स के रिटायर्ड कर्मचारी नोमान के बंद पड़े मकान में तड़के अचानक आग लग गई। जब तक शहर नींद से जागता, आग घर के भीतर अपना तांडव मचा चुकी थी। बंद कमरे के भीतर भभकती आग ने न केवल कीमती जेवरात और नकदी को लील लिया, बल्कि जीवन भर की पूंजी यानी जरूरी दस्तावेज और प्रमाण पत्रों को भी राख के ढेर में तब्दील कर दिया। स्थानीय निवासियों और मदरसा के बच्चों की बहादुरी ने एक बड़े हादसे को टाला, लेकिन गृहस्वामी के लिए यह सुबह एक बड़ा आर्थिक जख्म लेकर आई।

तड़के 4 बजे का 'डेथ ट्रैप': बंद घर बना भट्ठी

बताया जा रहा है कि आग मंगलवार तड़के करीब 4 बजे लगी थी। घर पूरी तरह बंद होने के कारण धुएं और लपटों का बाहर पता नहीं चल सका।

  • अचानक दिखा धुंआ: सुबह करीब 6 बजे जब मोहल्ले के लोग जगे, तो खिड़कियों से घना काला धुआं निकलता देख शोर मच गया।

  • मदरसा के जांबाज: पास ही स्थित मदरसा के छोटे बच्चों और स्थानीय युवाओं ने बिना वक्त गंवाए मोर्चा संभाला। जब फायर ब्रिगेड से संपर्क नहीं हो सका, तो लोगों ने निजी पानी मोटर लगाकर पाइपों के जरिए आग बुझाने का काम शुरू किया।

  • 4 घंटे का संघर्ष: करीब 4 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद मोहल्ले वालों ने मिलकर आग पर काबू पाया, वरना सघन आबादी वाले इस इलाके में कई घर इसकी चपेट में आ सकते थे।

सब कुछ स्वाहा: शॉर्ट सर्किट ने उजाड़ा आशियाना

सूचना मिलने पर गृह मालिक के भांजे मोहम्मद मिनाजुद्दीन मौके पर पहुँचे। उनके अनुसार घर के भीतर अब केवल राख ही बची है।

  1. संपत्ति का नुकसान: घर में रखे सोने-चांदी के आभूषण, बेड, अलमीरा, कीमती कपड़े और इलेक्ट्रॉनिक्स सामान पूरी तरह जल गए हैं।

  2. कागजी बर्बादी: सबसे बड़ा नुकसान जरूरी शैक्षणिक प्रमाण पत्रों और जमीन-जायदाद के कागजों का हुआ है, जो अलमारी में रखे-रखे कोयला बन गए।

  3. वजह: प्रारंभिक जांच में आग लगने का मुख्य कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। घर लंबे समय से बंद था, जिससे पुराने तारों में लोड या खराबी का पता नहीं चल सका।

कीताडीह अग्निकांड: नुकसान का ब्योरा (Damage Snapshot)

विवरण स्थिति / जानकारी
स्थान कीताडीह मदरसा के पास, परसुडीह
गृहस्वामी नोमान (रिटायर्ड टाटा मोटर्स कर्मचारी)
अनुमानित नुकसान लाखों के जेवर, कैश और दस्तावेज
आग का कारण बिजली का शॉर्ट सर्किट
बचाव कार्य स्थानीय लोगों और मदरसा छात्रों द्वारा

इतिहास और जोखिम: कीताडीह की संकरी गलियों में 'अग्नि सुरक्षा'

जमशेदपुर के पुराने रिहायशी इलाकों जैसे कीताडीह और परसुडीह का इतिहास गवाह है कि यहाँ की संकरी गलियां फायर ब्रिगेड की गाड़ियों के लिए हमेशा चुनौती रही हैं। 1980 और 90 के दशक में बने यहाँ के कई मकानों में वायरिंग आज भी वही पुरानी है, जो आधुनिक बिजली उपकरणों का लोड नहीं सह पाती। टाटा मोटर्स के कर्मचारियों के लिए बनाए गए इन घरों में अक्सर लोग सेवानिवृत्ति के बाद ताला लगाकर दूसरे सुरक्षित इलाकों में शिफ्ट हो जाते हैं। नोमान का घर भी लंबे समय से बंद था और यहाँ पहले रिजवान नामक व्यक्ति रहते थे। बंद घरों में वेंटिलेशन न होने के कारण शॉर्ट सर्किट होने पर आग तेजी से फैलती है और 'फ्लैशओवर' की स्थिति बन जाती है, जैसा कि इस मामले में हुआ।

प्रशासन की भूमिका और सुरक्षा अलर्ट

परसुडीह पुलिस को घटना की जानकारी दे दी गई है। अब राजस्व विभाग द्वारा नुकसान का आकलन किया जाना बाकी है।

  • फायर सर्विस पर सवाल: स्थानीय लोगों में इस बात को लेकर नाराजगी दिखी कि संकट के समय फायर ब्रिगेड से संपर्क नहीं हो पाया। अगर मोहल्ले के लोग सक्रिय नहीं होते, तो बड़ा जान-माल का नुकसान हो सकता था।

  • एक्सपर्ट की राय: इलेक्ट्रिकल इंजीनियरों का मानना है कि बंद घरों में मेन स्विच (Main Switch) बंद न करना सबसे बड़ी गलती होती है। चूहों द्वारा तारों को कुतरना या नमी के कारण स्पार्किंग होना ऐसे हादसों की बड़ी वजह है।

  • मदद की अपील: पीड़ित परिवार अब प्रशासन से उचित मुआवजे और जले हुए दस्तावेजों को दोबारा बनवाने की प्रक्रिया में मदद की उम्मीद कर रहा है।

बंद घर को 'बम' न बनने दें

कीताडीह की यह आग एक चेतावनी है। यदि आप भी अपने घर को लंबे समय के लिए बंद कर रहे हैं, तो बिजली के सभी कनेक्शन काटकर ही निकलें। नोमान के घर में जो राख बची है, वह हमें सतर्क रहने का सबक दे रही है।

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Manish Tamsoy मनीष तामसोय कॉमर्स में मास्टर डिग्री कर रहे हैं और खेलों के प्रति गहरी रुचि रखते हैं। क्रिकेट, फुटबॉल और शतरंज जैसे खेलों में उनकी गहरी समझ और विश्लेषणात्मक क्षमता उन्हें एक कुशल खेल विश्लेषक बनाती है। इसके अलावा, मनीष वीडियो एडिटिंग में भी एक्सपर्ट हैं। उनका क्रिएटिव अप्रोच और टेक्निकल नॉलेज उन्हें खेल विश्लेषण से जुड़े वीडियो कंटेंट को आकर्षक और प्रभावी बनाने में मदद करता है। खेलों की दुनिया में हो रहे नए बदलावों और रोमांचक मुकाबलों पर उनकी गहरी पकड़ उन्हें एक बेहतरीन कंटेंट क्रिएटर और पत्रकार के रूप में स्थापित करती है।