Mango Exposed : जमशेदपुर के मानगो में 'ठगी का खूनी खेल' हुआ खुलासा, दो ग्राहकों के खातों से निकले ₹2.34 लाख, बैंक पर उठे सुरक्षा के सवाल
जमशेदपुर के मानगो स्थित जाकिर नगर में केनरा बैंक के एक एटीएम से ठगी के दो मामले सामने आए हैं। कार्ड मशीन में फंसने के कुछ ही देर बाद दो ग्राहकों के खातों से कुल ₹2,34,000 की निकासी हो गई। पीड़ितों ने बैंक से फौरन जांच और राशि वापसी की मांग की है। बैंक सीसीटीवी फुटेज जांच रहा है।
डिजिटल इंडिया के इस दौर में, जहां बैंकिंग सुविधाएं हमारी उंगलियों पर हैं, वहीं साइबर अपराधी भी लगातार नए तरीकों से लोगों की मेहनत की कमाई पर डाका डाल रहे हैं। झारखंड की आर्थिक राजधानी जमशेदपुर के मानगो स्थित जाकिर नगर में केनरा बैंक के एक एटीएम से ठगी के ऐसे दो दिल दहलाने वाले मामले सामने आए हैं, जिन्होंने स्थानीय लोगों को चौंका दिया है। कार्ड मशीन में फंसने के कुछ ही मिनटों के अंदर ही दो अलग-अलग ग्राहकों के खातों से लाखों रुपये की निकासी हो गई।
आधुनिक इतिहास गवाह है कि तकनीक की हर तरक्की के साथ ही अपराधियों ने भी अपने तरीके बदल लिए हैं। एटीएम ठगी का यह मामला स्पष्ट रूप से 'कार्ड स्किमिंग' या 'मैलवेयर' जैसी किसी एडवांस तकनीक की ओर इशारा कर रहा है, जहां किसी गुप्त डिवाइस की मदद से कार्ड की जानकारी चुराई गई और पैसे निकाल लिए गए।
दो दिन में दो घटनाएं, कुल ₹2.34 लाख की ठगी
यह मामला केवल एक छोटी चोरी का नहीं है, बल्कि यह संगठित साइबर अपराध का संकेत है। दोनों ही घटनाएं मानगो के जाकिर नगर स्थित केनरा बैंक के एक ही एटीएम में हुई हैं।
-
पहला मामला (11 अक्टूबर): आरिफ इकबाल अपने खाते से पैसे निकालने पहुंचे थे, लेकिन उनका एटीएम कार्ड मशीन में फंस गया। कुछ ही देर बाद उनके खाते से बड़ी राशि, ₹2,17,000 निकाल लिए गए।
-
दूसरा मामला (12 अक्टूबर): मोहम्मद आमिर अंसारी के साथ भी ठीक वैसा ही हुआ। उनका कार्ड भी मशीन में फंसा और थोड़ी देर बाद उनके खाते से ₹17,000 निकल गए।
-
कुल नुकसान: इन दो दिनों में, सिर्फ एक एटीएम ने अपने ग्राहकों को कुल ₹2,34,000 का नुकसान पहुंचाया है।
बैंक प्रबंधन ने जांच का भरोसा दिया
ठगी के शिकार दोनों पीड़ितों ने सोमवार को केनरा बैंक, जाकिर नगर शाखा को लिखित शिकायत सौंपी है और फौरन मामले की जांच करके पूरी राशि लौटाने की मांग की है।
-
बैंक की प्रतिक्रिया: बैंक प्रबंधन ने शिकायत मिलने की पुष्टि की है और कहा है कि एटीएम के सीसीटीवी फुटेज और ट्रांजैक्शन डेटा की गहन जांच की जा रही है। बैंक ने भरोसा दिलाया है कि जांच पूरी होने के बाद उपयुक्त कार्रवाई की जाएगी।
सुरक्षा पर सवाल, समाधान की मांग
इन घटनाओं ने स्थानीय लोगों को नाराज कर दिया है और उन्होंने एटीएम की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
-
जनता की मांग: लोगों का कहना है कि बैंकों को एटीएम मशीनों की नियमित जांच, सीसीटीवी मॉनिटरिंग को बढ़ावा देने और सुरक्षा गार्ड की तैनाती जैसे उपायों को सख्ती से लागू किया जाना चाहिए ताकि इस तरह की घटनाएं दोबारा न हों।
यह देखना बाकी है कि बैंक और पुलिस कितनी जल्दी इस रैकेट का पर्दाफाश करते हैं और पीड़ितों की राशि वापस कराते हैं।
आपकी राय में, एटीएम में कार्ड फंसने की स्थिति में साइबर ठगी को रोकने के लिए बैंक और उपभोक्ता को कौन से दो सबसे त्वरित सुरक्षा कदम उठाने चाहिए?
What's Your Reaction?


