आदित्यपुर जलापूर्ति मामले में हाईकोर्ट में पेश हुए गेल इंडिया अधिकारी, जनकल्याण मोर्चा की बैठक 14 जुलाई को

आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र में जलापूर्ति की समस्या को लेकर हाईकोर्ट के निर्देश पर गेल इंडिया के अधिकारी 3 जुलाई को सशरीर पेश हुए। अगली सुनवाई 31 जुलाई को होगी

Jul 8, 2024 - 18:21
Jul 9, 2024 - 12:15
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आदित्यपुर जलापूर्ति मामले में हाईकोर्ट में पेश हुए गेल इंडिया अधिकारी, जनकल्याण मोर्चा की बैठक 14 जुलाई को
आदित्यपुर जलापूर्ति मामले में हाईकोर्ट में पेश हुए गेल इंडिया अधिकारी, जनकल्याण मोर्चा की बैठक 14 जुलाई को

हाईकोर्ट के निर्देश पर गेल इंडिया के महाप्रबंधक और एक अन्य अधिकारी 3 जुलाई को आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र में जलापूर्ति के मामले में सशरीर पेश हुए। हाईकोर्ट ने इस मामले की अगली सुनवाई 31 जुलाई को तय की है। जनकल्याण मोर्चा, जो इस मुद्दे पर लगातार सक्रिय है, ने 14 जुलाई को एक आपात बैठक बुलाई है जिसमें आंदोलन को और भी धारदार बनाने की योजना बनाई जाएगी।

जनकल्याण मोर्चा द्वारा झारखंड हाईकोर्ट में आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र में जलापूर्ति की समस्या को लेकर जनहित याचिका दायर की गई थी। इस याचिका पर सुनवाई करते हुए 26 जून को झारखंड हाईकोर्ट ने रांची के एसएसपी को निर्देश दिया था कि वे गेल इंडिया के अधिकारियों को सशरीर हाजिर करें। इसके बाद, 3 जुलाई को गेल इंडिया के महाप्रबंधक और एक अन्य अधिकारी सशरीर उपस्थित होकर हलफनामा दायर किया।

आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र में पेयजल की समस्या दिन-प्रतिदिन गंभीर होती जा रही है। स्थानीय निवासियों को इस संकट से निजात दिलाने के लिए जनकल्याण मोर्चा ने आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया है। इसी उद्देश्य से 14 जुलाई को एक बैठक बुलाई गई है, जिसमें संगठन का विस्तार करते हुए आंदोलन को और भी मजबूती देने की योजना बनाई जाएगी।

जनकल्याण मोर्चा के सदस्यों ने बताया कि आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र में पानी की गंभीर समस्या को लेकर वे किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं। उन्होंने यह भी बताया कि सरकार और नगर विकास विभाग की उदासीनता के चलते यह समस्या और भी विकराल होती जा रही है। हाईकोर्ट में याचिका दायर करने के बाद ही सरकार और विभाग हरकत में आए हैं।

वर्तमान में सापड़ा में 60 एमएलडी और सीतारामपुर में 30 एमएलडी के वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट का निर्माण कार्य शुरू हो चुका है। साथ ही, जल मीनार का निर्माण कार्य भी जारी है, लेकिन इसमें तेजी लाने की आवश्यकता है। जनकल्याण मोर्चा का कहना है कि अगर इन कार्यों में तेजी नहीं लाई गई तो वे बड़े पैमाने पर आंदोलन करने को मजबूर होंगे।

जनकल्याण मोर्चा के इस कदम से आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र के निवासियों को कुछ राहत की उम्मीद जगी है। वे आशा करते हैं कि इस आंदोलन के माध्यम से उनकी समस्याओं का समाधान जल्द से जल्द होगा और उन्हें स्वच्छ पेयजल उपलब्ध हो सकेगा।