Jugsalai Raid: जुगसलाई के बोलबम ट्रांसपोर्ट में पुलिस की बड़ी रेड, 20 पेटी प्रतिबंधित ऑनरेक्स सिरप बरामद, रांची से जुड़ा है कनेक्शन
जमशेदपुर के जुगसलाई स्थित बोलबम ट्रांसपोर्ट में पुलिस ने छापेमारी कर 20 पेटी प्रतिबंधित ऑनरेक्स कफ सिरप जब्त किया है। बिना कागजात के रांची से आई नशे की इस बड़ी खेप और हिरासत में लिए गए आरोपी की पूरी इनसाइड रिपोर्ट यहाँ देखें।
जमशेदपुर/जुगसलाई, 8 अप्रैल 2026 – लौहनगरी में अवैध नशीले पदार्थों के खिलाफ पुलिस ने अपना शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। जुगसलाई थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक गुप्त सूचना के आधार पर बोलबम ट्रांसपोर्ट एजेंसी में बड़ी छापेमारी की है। इस हाई-वोल्टेज रेड के दौरान पुलिस ने भारी मात्रा में प्रतिबंधित कफ सिरप ‘ऑनरेक्स’ (Onerex) बरामद किया है। बरामद की गई खेप की कुल संख्या 20 पेटी बताई जा रही है, जिसे नशे के बाजार में खपाने की तैयारी थी। इस कार्रवाई ने शहर के ट्रांसपोर्ट गलियारों में हड़कंप मचा दिया है, क्योंकि नशे का यह काला कारोबार अब कानूनी दवाओं की आड़ में फल-फूल रहा है।
गुप्त सूचना पर एक्शन: ट्रांसपोर्ट की आड़ में 'नशे' का खेल
बुधवार को जुगसलाई पुलिस को सटीक जानकारी मिली थी कि शहर के एक प्रतिष्ठित ट्रांसपोर्ट के जरिए नशीली दवाओं की एक बड़ी खेप जमशेदपुर पहुँचाई गई है।
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त्वरित छापेमारी: सूचना मिलते ही जुगसलाई थाना की एक विशेष टीम ने बोलबम ट्रांसपोर्ट एजेंसी की घेराबंदी की।
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बरामदगी: तलाशी के दौरान पुलिस को ऑनरेक्स सिरप से भरी 20 पेटियां मिलीं। ऑनरेक्स मूल रूप से एक कफ सिरप है, लेकिन इसमें मौजूद कोडीन (Codeine) के कारण इसका बड़े पैमाने पर नशे के लिए दुरुपयोग किया जाता है, जिसके चलते यह 'शेड्यूल एच' और एनडीपीएस के दायरे में आता है।
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कागजों का अभाव: जब पुलिस ने एजेंसी संचालक से इन दवाओं के वैध बिल या ड्रग लाइसेंस की मांग की, तो मौके पर मौजूद कोई भी व्यक्ति दस्तावेज पेश नहीं कर सका। बिना वैध कागजात के इतनी बड़ी मात्रा में दवा का होना सीधे तौर पर तस्करी की ओर इशारा करता है।
रांची कनेक्शन और 'मास्टरमाइंड' की तलाश
प्रारंभिक जांच में जो तथ्य सामने आए हैं, वे चौंकाने वाले हैं।
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सप्लाई रूट: पुलिस को पता चला है कि यह पूरी खेप रांची से बुक कर जमशेदपुर भेजी गई थी। रांची अब झारखंड में प्रतिबंधित दवाओं के मुख्य हब के रूप में उभर रहा है।
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एक हिरासत में: पुलिस ने ट्रांसपोर्ट एजेंसी से जुड़े एक व्यक्ति को हिरासत में लिया है। उससे पूछताछ की जा रही है कि यह माल किसने बुक किया था और जमशेदपुर में इसकी डिलीवरी किसे दी जानी थी।
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बड़ा नेटवर्क: पुलिस सूत्रों का मानना है कि यह केवल एक खेप नहीं है, बल्कि एक संगठित गिरोह है जो झारखंड के विभिन्न जिलों में कफ सिरप की तस्करी कर रहा है।
ट्रांसपोर्ट हब और पुलिस की चुनौतियां
जमशेदपुर का जुगसलाई इलाका ऐतिहासिक रूप से पूर्वी भारत के सबसे बड़े ट्रांसपोर्ट और होलसेल मार्केट के रूप में जाना जाता है।
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व्यापारिक केंद्र: यहाँ रोजाना सैकड़ों ट्रक और पार्सल आते हैं। इसी भीड़ और व्यस्तता का फायदा उठाकर तस्कर अवैध सामान को 'जेनरिक' सामान बताकर शहर के भीतर दाखिल कराते हैं।
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पहले भी हुई कार्रवाई: जुगसलाई में पहले भी नकली दवाओं और प्रतिबंधित सिरप की बरामदगी हो चुकी है। यहाँ की तंग गलियां और गोदाम तस्करों के लिए मुफीद जगह बन जाते हैं।
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प्रशासनिक मुस्तैदी: सिटी एसपी के निर्देश पर पिछले कुछ महीनों में जुगसलाई और परसुडीह जैसे इलाकों में सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है, जिसका परिणाम आज की इस बड़ी सफलता के रूप में देखने को मिला है।
अगला कदम: एनडीपीएस एक्ट के तहत कड़ी कार्रवाई
जुगसलाई पुलिस अब इस मामले में NDPS एक्ट के तहत मामला दर्ज करने की प्रक्रिया में है।
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सरगना की खोज: पुलिस उस व्यक्ति की तलाश कर रही है जिसके नाम पर रांची से यह पार्सल बुक किया गया था। मोबाइल लोकेशन और कॉल डिटेल्स (CDR) के जरिए कड़ियों को जोड़ने की कोशिश की जा रही है।
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मेडिकल स्टोर पर नजर: पुलिस उन संदिग्ध मेडिकल स्टोर और स्थानीय पैडलर्स की भी सूची तैयार कर रही है, जहाँ इन सिरप की सप्लाई की जानी थी।
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जनता की सराहना: स्थानीय निवासियों ने पुलिस की इस कार्रवाई का स्वागत किया है। लोगों का कहना है कि नशीली दवाओं के कारण क्षेत्र के युवा बर्बाद हो रहे हैं और ऐसी कार्रवाई से उन पर लगाम लगेगी।
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