Palamu Raid: सहदेवा के जंगलों में खूनी साजिश नाकाम, पल्सर सवार दो युवक हथियार और जिंदा गोली के साथ गिरफ्तार, लेस्लीगंज मार्ग पर पुलिस का बड़ा एक्शन
पलामू की एसपी रीष्मा रमेशन के निर्देश पर पाटन पुलिस ने सहदेवा-लेस्लीगंज मार्ग पर घेराबंदी कर दो संदिग्धों को लोडेड देसी कट्टे के साथ दबोच लिया है। जंगल के रास्ते भागने की कोशिश और पल्सर सवार इन युवकों की गिरफ्तारी की पूरी रिपोर्ट यहाँ मौजूद है वरना आप भी जिले में सक्रिय इस नए क्रिमिनल नेटवर्क की खौफनाक हकीकत जानने से चूक जाएंगे।
पलामू/पाटन, 23 जनवरी 2026 – झारखंड के पलामू जिले में पुलिस ने एक बार फिर अपराधियों की बड़ी योजना को मिट्टी में मिला दिया है। जिले में चल रहे 'एंटी क्राइम चेकिंग अभियान' के तहत पाटन पुलिस ने सहदेवा जंगल के पास से दो युवकों को अवैध हथियार और जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार किया है। पल्सर बाइक पर सवार होकर किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने जा रहे ये अपराधी पुलिस को देखते ही जंगल की ओर भागने लगे थे, लेकिन मुस्तैद जवानों ने उन्हें खदेड़कर पकड़ लिया। पुलिस अधीक्षक रीष्मा रमेशन ने शुक्रवार को इस सफलता की पुष्टि करते हुए बताया कि अपराधियों के खिलाफ जिले में जीरो टॉलरेंस की नीति जारी रहेगी।
सहदेवा जंगल में 'हाई-वोल्टेज' चेकिंग: ऐसे फंसे शिकारी
यह पूरी कार्रवाई 22 जनवरी की शाम को उस समय शुरू हुई जब पुलिस को सहदेवा-लेस्लीगंज मार्ग पर संदिग्धों के घूमने की गुप्त सूचना मिली।
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घेराबंदी: पाटन थाना पुलिस ने तुरंत सहदेवा जंगल के प्रवेश द्वार पर बैरिकेडिंग कर वाहनों की जांच शुरू की।
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भागने की कोशिश: इसी बीच सहदेवा की ओर से आ रही एक पल्सर बाइक (JH 03 AF 0924) पर सवार दो युवकों ने जैसे ही पुलिस को देखा, उनके हाथ-पांव फूल गए। उन्होंने बाइक को बीच सड़क पर छोड़ा और घने जंगल की ओर दौड़ने लगे।
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पकड़े गए आरोपी: पुलिस बल ने तत्परता दिखाई और झाड़ियों में छिपे लेस्लीगंज के रोशन कुमार (19 वर्ष) और आदेश कुमार (25 वर्ष) को दबोच लिया।
कमर में लोडेड कट्टा और जेब में मौत का सामान
गिरफ्तारी के बाद जब दोनों की तलाशी ली गई, तो पुलिस के भी होश उड़ गए।
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रोशन कुमार: इसके पास से बाईं कमर में खोंसा हुआ एक देसी कट्टा बरामद किया गया।
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आदेश कुमार: इसकी पैंट की जेब से 8 एमएम की जिंदा गोली मिली।
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जब्ती: पुलिस ने मौके से पल्सर बाइक और दो मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं, जिनसे इनके नेटवर्क का खुलासा होने की उम्मीद है।
पलामू पुलिस एक्शन: गिरफ्तारी का विवरण (Operation Snapshot)
| विवरण | आरोपी एवं बरामदगी (Details) |
| नाम (आरोपी 1) | रोशन कुमार (ठाकुराई दीदरी, लेस्लीगंज) |
| नाम (आरोपी 2) | आदेश कुमार (दारूडीह, लेस्लीगंज) |
| हथियार | 01 देसी कट्टा और 01 जिंदा गोली (8mm) |
| वाहन | पल्सर मोटरसाइकिल (JH 03 AF 0924) |
| स्थान | सहदेवा–लेस्लीगंज मार्ग (सहदेवा जंगल) |
इतिहास का पन्ना: पलामू के 'सहदेवा' मार्ग का पुराना और अशांत इतिहास
पलामू का सहदेवा और लेस्लीगंज क्षेत्र ऐतिहासिक रूप से सामरिक और भौगोलिक दृष्टि से बहुत संवेदनशील रहा है। 19वीं शताब्दी में लेस्लीगंज (जो डाल्टनगंज से पहले अंग्रेजों का प्रशासनिक केंद्र था) का निर्माण ब्रिटिश कैप्टन लेस्ली के नाम पर हुआ था। इतिहास गवाह है कि सहदेवा के जंगल हमेशा से विद्रोहियों और अपराधियों के लिए 'ट्रांजिट रूट' (आने-जाने का रास्ता) रहे हैं। 1990 और 2000 के दशक में इस मार्ग पर उग्रवादी संगठनों की पैठ बहुत गहरी थी, जहाँ घने जंगलों का फायदा उठाकर लेवी वसूली और हथियारों की तस्करी की जाती थी। आज 2026 में, इन जंगलों में रोशन और आदेश जैसे युवाओं का हथियार के साथ पकड़ा जाना यह दर्शाता है कि अपराधी अब भी पुराने गुप्त रास्तों का इस्तेमाल कर रहे हैं। हालांकि, आधुनिक पुलिसिंग और एसपी रीष्मा रमेशन की सक्रियता ने इन 'ऐतिहासिक डेंजर ज़ोन' को अब सुरक्षित गढ़ में तब्दील कर दिया है।
एसपी का सख्त संदेश: "जेल में होगी अपराधियों की जगह"
एसपी रीष्मा रमेशन ने स्पष्ट किया है कि पलामू की सड़कों पर अवैध हथियारों का खेल अब नहीं चलेगा।
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गहन पूछताछ: पुलिस यह पता लगा रही है कि क्या ये दोनों युवक किसी गैंग के लिए 'शूटर' के तौर पर काम कर रहे थे या वे खुद किसी लूट की वारदात को अंजाम देने वाले थे।
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न्यायिक हिरासत: शुक्रवार को दोनों आरोपियों को संबंधित धाराओं के तहत जेल भेज दिया गया है।
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सतर्कता: जिले के सभी सीमावर्ती थानों को अलर्ट पर रखा गया है और जंगल से सटे मार्गों पर पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई है।
सलाखों के पीछे पहुंचे हथियारबंद 'शिकारी'
सहदेवा जंगल में हुई यह गिरफ्तारी दिखाती है कि पलामू पुलिस की इंटेलिजेंस कितनी सटीक हो चुकी है। रोशन और आदेश की गिरफ्तारी ने निश्चित रूप से लेस्लीगंज क्षेत्र में होने वाली किसी बड़ी अनहोनी को टाल दिया है।
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