Medininagar Tragedy: पलामू में मातम: विधानसभा की सुरक्षा करने वाले सैप जवान की सड़क हादसे में मौत, नए ब्रेकर ने ली बुलेट सवार की जान
मेदिनीनगर के पोखराहा में झारखंड विधानसभा में तैनात सैप जवान मनोज पांडेय का सड़क हादसे में निधन हो गया। अखंड कीर्तन से लौटते समय नए ब्रेकर पर बुलेट अनियंत्रित होने से हुए इस दर्दनाक हादसे की पूरी रिपोर्ट यहाँ मौजूद है।
मेदिनीनगर/पलामू, 3 मार्च 2026 – झारखंड के पलामू जिले से एक बेहद हृदयविदारक खबर सामने आई है। सदर थाना क्षेत्र के पोखराहा में सोमवार की देर रात एक भीषण सड़क हादसे ने राज्य की सुरक्षा में तैनात एक जांबाज जवान की जान ले ली। झारखंड विधानसभा में सैप (SAP) जवान के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे मनोज पांडेय (52 वर्ष) अब हमारे बीच नहीं रहे। सेना से सेवानिवृत्त होने के बाद भी देश और राज्य की सेवा में जुटे मनोज पांडेय की मौत ने पूरे बड़कागांव और पुलिस महकमे को शोक में डुबो दिया है।
अखंड कीर्तन से लौटते वक्त काल ने घेरा
घटनाक्रम के अनुसार, मनोज पांडेय होली के पावन अवसर पर अपने पैतृक गांव बड़कागांव में आयोजित 'अखंड कीर्तन' में शामिल होने गए थे। भक्ति और उत्सव के माहौल के बीच वे सोमवार रात अपनी बुलेट बाइक से मेदिनीनगर लौट रहे थे।
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हादसे की जगह: पांकी-मेदिनीनगर मुख्य मार्ग पर नवनिर्मित मेडिकल कॉलेज अस्पताल चौक (पोखराहा) के पास यह हादसा हुआ।
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खूनी ब्रेकर: शुरुआती जांच और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सड़क पर हाल ही में बनाए गए एक नए ब्रेकर ने उनकी बाइक का संतुलन बिगाड़ दिया। अंधेरे में ब्रेकर का अंदाजा न होने के कारण उनकी बुलेट उछल गई और वे सिर के बल सड़क पर गिर पड़े।
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सुबह खुला राज: पूरी रात वे लहूलुहान हालत में सड़क किनारे पड़े रहे। मंगलवार सुबह जब लोग 'मॉर्निंग वॉक' पर निकले, तब उनकी नजर सड़क पर पड़ी लाश और बाइक पर गई।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
मनोज पांडेय के निधन की खबर जैसे ही बड़कागांव पहुँची, पूरे गांव में सन्नाटा पसर गया।
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अधूरे अरमान: मृतक अपने पीछे दो बेटियां और दो बेटे छोड़ गए हैं। परिजनों ने रुंधे गले से बताया कि पिछले साल ही उन्होंने अपनी बड़ी बेटी की शादी बड़े धूमधाम से की थी। वे अपने बच्चों के भविष्य को लेकर काफी आशान्वित थे।
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अस्पताल में चीख-पुकार: सूचना मिलने पर पुलिस ने उन्हें मेदिनीराय मेडिकल कॉलेज अस्पताल (MMCH) पहुँचाया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। अस्पताल परिसर में परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
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शोक की लहर: मेदिनीनगर के कई गणमान्य लोग और पुलिस अधिकारी अस्पताल पहुँचकर दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि दे रहे हैं।
दुर्घटना का संक्षिप्त विवरण: मुख्य बिंदु
| विवरण | प्रमुख जानकारी |
| मृतक का नाम | मनोज पांडेय (52 वर्ष) |
| पद | सैप जवान (झारखंड विधानसभा में तैनात) |
| वाहन | बुलेट मोटरसाइकिल |
| हादसे का कारण | सड़क पर बना नया ब्रेकर और असंतुलन |
प्रशासन की जांच और सड़क सुरक्षा पर सवाल
सदर थाना पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की छानबीन शुरू कर दी है। स्थानीय लोगों में इस बात को लेकर खासा आक्रोश है कि मेडिकल कॉलेज जैसे महत्वपूर्ण चौक पर ब्रेकर तो बना दिए गए, लेकिन उन पर सफेद पट्टी या रेडियम रिफ्लेक्टर नहीं लगाए गए। रात के अंधेरे में यह ब्रेकर किसी 'डेथ ट्रैप' (मौत का जाल) से कम नहीं हैं।
एक सुरक्षा प्रहरी की विदाई
मनोज पांडेय की असामयिक मृत्यु ने न केवल एक परिवार का स्तंभ छीन लिया है, बल्कि विभाग ने भी एक अनुशासित जवान खो दिया है। उनकी बहादुरी और मिलनसार स्वभाव को पूरा गांव याद कर रहा है।
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