Sonari Suicide : सोनारी में मां की डांट से आहत 21 साल के प्रदीप ने लगाई फांसी, बंद कमरे में दुपट्टे का फंदा बना खत्म की जीवन लीला

जमशेदपुर के सोनारी जॉगर्स पार्क में शनिवार को मां की मामूली फटकार से नाराज 21 वर्षीय प्रदीप राम ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। बंद दरवाजा तोड़कर परिजनों द्वारा उसे टीएमएच ले जाने और डॉक्टरों द्वारा मृत घोषित किए जाने की पूरी हृदयविदारक रिपोर्ट यहाँ देखें।

Apr 4, 2026 - 16:28
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Sonari Suicide : सोनारी में मां की डांट से आहत 21 साल के प्रदीप ने लगाई फांसी, बंद कमरे में दुपट्टे का फंदा बना खत्म की जीवन लीला
Sonari Suicide : सोनारी में मां की डांट से आहत 21 साल के प्रदीप ने लगाई फांसी, बंद कमरे में दुपट्टे का फंदा बना खत्म की जीवन लीला

जमशेदपुर/सोनारी, 4 अप्रैल 2026 – लौहनगरी जमशेदपुर के सोनारी थाना क्षेत्र स्थित पॉश इलाके जॉगर्स पार्क के पास शनिवार को एक ऐसी हृदयविदारक घटना घटी, जिसने मानवीय संवेदनाओं को झकझोर कर रख दिया है। महज 21 साल के एक ऊर्जावान युवक प्रदीप राम ने मां की मामूली डांट से आहत होकर मौत को गले लगा लिया। घर के भीतर हुई इस अनहोनी ने हंसते-खेलते परिवार की खुशियां पल भर में मातम में बदल दीं। शनिवार सुबह हुई इस घटना के बाद पूरे सोनारी इलाके में सन्नाटा पसरा है, जबकि टाटा मुख्य अस्पताल (TMH) में प्रदीप को मृत घोषित किए जाने के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

मां की डांट और बंद दरवाजा: शनिवार सुबह का वो काला मंजर

प्रदीप राम के घर में शनिवार की सुबह आम दिनों की तरह शुरू हुई थी, लेकिन किसी ने नहीं सोचा था कि यह उसकी आखिरी सुबह होगी।

  • मामूली कहासुनी: प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, शनिवार सुबह किसी घरेलू बात को लेकर प्रदीप की मां ने उसे हल्की फटकार लगाई थी। 21 साल के प्रदीप को यह डांट इतनी नागवार गुजरी कि वह मानसिक रूप से टूट गया।

  • कमरे में कैद: अपनी मां से नाराज होकर प्रदीप सीधे अपने कमरे में चला गया और अंदर से सिटकनी चढ़ा ली। काफी देर तक जब कमरे से कोई हलचल नहीं हुई, तो परिजनों को चिंता होने लगी।

  • दरवाजा तोड़ा गया: अनहोनी की आशंका के बीच परिजनों ने बार-बार प्रदीप को आवाज दी, लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं मिला। अंततः मजबूर होकर परिजनों ने दरवाजा तोड़ दिया, जहाँ सामने का दृश्य देख सबकी चीख निकल गई।

टीएमएच में डॉक्टरों ने तोड़ी उम्मीद: फंदे पर झूलता मिला इकलौता सहारा

दरवाजा टूटते ही परिजनों ने देखा कि प्रदीप फंदे से लटका हुआ था। आनन-फानन में उसे नीचे उतारा गया।

  1. इमरजेंसी में दौड़: परिजन बेसुध हालत में प्रदीप को लेकर तुरंत टाटा मुख्य अस्पताल (TMH) पहुँचे। वहां की इमरजेंसी में डॉक्टरों ने तुरंत जांच शुरू की।

  2. मृत घोषित: काफी कोशिशों के बाद भी प्रदीप की धड़कनें वापस नहीं आईं और डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

  3. मां का विलाप: अस्पताल परिसर प्रदीप की मां की चीखों से गूँज उठा। वह बार-बार खुद को इस घटना के लिए जिम्मेदार मान रही हैं। एक मां की ममता आज उस फटकार के बोझ तले दबी है, जो उसने शायद प्रदीप के भले के लिए ही दी थी।

सोनारी और जॉगर्स पार्क: जमशेदपुर में बढ़ता मानसिक तनाव

सोनारी का जॉगर्स पार्क इलाका शहर के सबसे शांत और खूबसूरत क्षेत्रों में गिना जाता है, लेकिन यहाँ युवाओं में बढ़ता तनाव अब चिंता का विषय है।

  • संवेदनशीलता का अभाव: मनोवैज्ञानिकों का मानना है कि आज की युवा पीढ़ी छोटी-छोटी बातों को दिल से लगा लेती है। सोनारी में पिछले कुछ महीनों में युवाओं के बीच बढ़ते गुस्से और अवसाद (Depression) के कई मामले सामने आए हैं।

  • पारिवारिक संवाद की कमी: जमशेदपुर जैसे औद्योगिक शहर में भागदौड़ भरी जिंदगी के बीच अक्सर माता-पिता और बच्चों के बीच 'कम्युनिकेशन गैप' बढ़ रहा है। प्रदीप की यह दुखद मौत इसी संवेदनशीलता की कमी का नतीजा मानी जा रही है।

  • सोनारी पुलिस की जांच: सोनारी थाना पुलिस ने अस्पताल पहुँचकर शव को कब्जे में ले लिया है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या प्रदीप पहले से ही किसी बात को लेकर मानसिक तनाव में था या केवल शनिवार की डांट ही आखिरी वजह बनी।

अगली कार्रवाई: पोस्टमार्टम और स्थानीय संवेदनाएं

सोनारी पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए यूडी (अप्राकृतिक मृत्यु) केस दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

  • पोस्टमार्टम की तैयारी: रविवार को प्रदीप के शव का पोस्टमार्टम किया जाएगा, जिसके बाद उसे अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंपा जाएगा।

  • पड़ोसियों का दुख: जॉगर्स पार्क इलाके के लोग प्रदीप को एक शांत स्वभाव के लड़के के रूप में याद कर रहे हैं। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि स्कूलों और मोहल्ला स्तर पर 'काउंसलिंग सेशन' आयोजित किए जाएं ताकि युवाओं को ऐसे आत्मघाती कदम उठाने से रोका जा सके।

  • पुलिस का बयान: सोनारी थाना प्रभारी ने कहा कि वे घटना के सभी पहलुओं को खंगाल रहे हैं और परिजनों के विस्तृत बयान दर्ज किए जा रहे हैं।

सोनारी में हुई प्रदीप राम की मौत एक बड़ा सबक है। 21 साल की उम्र, जिसमें करियर और भविष्य की चिंता होनी चाहिए थी, वहां एक युवक ने आवेश में आकर अपनी जान दे दी। मां की डांट में प्यार छिपा होता है, लेकिन प्रदीप शायद उस पल उस प्यार को महसूस नहीं कर पाया। आज टीएमएच के बाहर खड़ी उसकी मां के आंसू कभी न भरने वाले जख्म की कहानी कह रहे हैं। जमशेदपुर के जागरूक नागरिकों को अब सोचना होगा कि हम अपने बच्चों को मानसिक रूप से कितना मजबूत बना रहे हैं। फिलहाल, सोनारी पुलिस मामले की तफ्तीश में जुटी है।

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Manish Tamsoy मनीष तामसोय कॉमर्स में मास्टर डिग्री कर रहे हैं और खेलों के प्रति गहरी रुचि रखते हैं। क्रिकेट, फुटबॉल और शतरंज जैसे खेलों में उनकी गहरी समझ और विश्लेषणात्मक क्षमता उन्हें एक कुशल खेल विश्लेषक बनाती है। इसके अलावा, मनीष वीडियो एडिटिंग में भी एक्सपर्ट हैं। उनका क्रिएटिव अप्रोच और टेक्निकल नॉलेज उन्हें खेल विश्लेषण से जुड़े वीडियो कंटेंट को आकर्षक और प्रभावी बनाने में मदद करता है। खेलों की दुनिया में हो रहे नए बदलावों और रोमांचक मुकाबलों पर उनकी गहरी पकड़ उन्हें एक बेहतरीन कंटेंट क्रिएटर और पत्रकार के रूप में स्थापित करती है।