Bistupur Heist: बिष्टुपुर में एलआईसी शाखा से 70 लाख की चोरी, पुलिस जांच में जुटी

बिष्टुपुर में LIC ब्रांच से 70 लाख रुपये की सनसनीखेज चोरी! चोरों ने लॉकर तोड़कर कैश उड़ाया और CCTV DVR भी गायब कर दिया। क्या अंदरूनी मिलीभगत थी? पढ़ें पूरी खबर।

Apr 3, 2025 - 09:56
 0
Bistupur Heist: बिष्टुपुर में एलआईसी शाखा से 70 लाख की चोरी, पुलिस जांच में जुटी
Bistupur Heist: बिष्टुपुर में एलआईसी शाखा से 70 लाख की चोरी, पुलिस जांच में जुटी

जमशेदपुर के बिष्टुपुर मेन रोड स्थित हिंदुस्तान बिल्डिंग में एलआईसी (LIC) की दो शाखाओं में मंगलवार की रात सेंधमार चोरी की सनसनीखेज वारदात हुई। चोरों ने बेहद सुनियोजित तरीके से लॉकर तोड़कर 70 लाख रुपये उड़ा लिए। यही नहीं, सबूत मिटाने के लिए शाखा के CCTV कैमरों के DVR भी चुरा लिए ताकि पुलिस को कोई सुराग न मिले।

बुधवार की सुबह जब ब्रांच मैनेजर और कर्मचारी दफ्तर पहुंचे तो चोरी का पता चला। इस खबर से LIC अधिकारी और कर्मचारी हैरान रह गए। सूचना मिलते ही बिष्टुपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और छानबीन शुरू कर दी। फॉरेंसिक टीम भी बुलाकर सबूत जुटाए गए। फिलहाल पुलिस इस गुत्थी को सुलझाने में जुटी है, लेकिन सवाल ये है कि आखिर चोरों को इतना सटीक प्लानिंग कैसे मिली? क्या कोई अंदरूनी मिलीभगत थी?

चोरों की चालाकी: पहले खिड़की तोड़ी, फिर DVR लेकर फरार

कर्मचारियों के मुताबिक, चोरों ने पहले LIC कैब ब्रांच के ब्रांच मैनेजर के चैंबर की खिड़की का शीशा तोड़ा। वहां रखे लॉकर से पैसे निकाले और फिर CCTV का DVR निकालकर सबूत मिटा दिए। इसके बाद बालकनी के रास्ते से दूसरी शाखा में घुसे और वहां भी लॉकर से पैसे उड़ाकर चुपचाप फरार हो गए

  • LIC शाखा 2 से – 50 से 55 लाख रुपये चोरी

  • LIC कैब ब्रांच से – 15 से 20 लाख रुपये गायब

चोरों को यह अच्छी तरह मालूम था कि कहां पैसे रखे गए हैं और कैसे सीसीटीवी फुटेज को नष्ट करना है। इससे संदेह गहराता जा रहा है कि क्या यह अंदरूनी लोगों की मिलीभगत का मामला है?

बैंक हॉलिडे बना वजह, कैश लॉकर में रखा था पैसा

LIC कर्मचारियों के मुताबिक, वित्तीय वर्ष समाप्त होने के कारण इन दिनों दफ्तर में ज्यादा कैश रखा गया था। तीन दिन से बैंक बंद था, इसलिए पैसे जमा नहीं हो सके और लॉकर में ही रखे रहे। इसी का फायदा उठाकर चोरों ने इतनी बड़ी वारदात को अंजाम दिया।

ब्रांच मैनेजर राकेश रंजन सिन्हा ने बताया कि जब वे बुधवार सुबह ऑफिस पहुंचे तो CCTV सिस्टम ठप पड़ा था। इंजीनियर को बुलाकर चेक किया तो पता चला कि DVR ही गायब है। उसके बाद जब लॉकर खोला गया तो 70 लाख रुपये भी गायब मिले

चोरी के पीछे जीर्णोद्धार कार्य का कनेक्शन?

LIC ऑफिस का फरवरी में जीर्णोद्धार हुआ था। पहले खिड़कियों पर जाली और रॉड लगे थे, लेकिन मरम्मत के दौरान इन्हें हटा दिया गया। पुलिस को शक है कि इस जीर्णोद्धार में लगे मजदूरों या कर्मचारियों को ऑफिस के अंदरूनी सेटअप की पूरी जानकारी थी। इसीलिए चोरों को अंदर घुसने और लॉकर तक पहुंचने में कोई परेशानी नहीं हुई।

इस मामले में पुलिस LIC कर्मचारियों और जीर्णोद्धार में लगे वर्करों से पूछताछ कर रही है। कहीं ऐसा तो नहीं कि किसी अंदरूनी व्यक्ति ने चोरों को पूरी प्लानिंग बताई हो?

FSL टीम जुटा रही सबूत, पुलिस की पैनी नजर

बिष्टुपुर पुलिस ने फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) की टीम को बुलाया, जिसने घटनास्थल से फिंगरप्रिंट और अन्य सबूत जुटाए हैं।

फिलहाल पुलिस LIC के कर्मचारियों, पदाधिकारियों और हाल ही में ऑफिस का काम करने वाले मजदूरों से पूछताछ कर रही है

क्या थी चोरों की मास्टर प्लानिंग?

सटीक जानकारी: चोरों को अच्छी तरह पता था कि कहां पैसा रखा है और CCTV कैसे नष्ट करना है
बैंक हॉलिडे का फायदा: वित्तीय वर्ष के कारण LIC में ज्यादा कैश था और बैंक बंद होने से पैसा लॉकर में ही रखा था।
दोहरी चोरी: पहले एक ब्रांच का लॉकर तोड़ा, फिर बालकनी के रास्ते दूसरी ब्रांच में पहुंचे।
सीसीटीवी फुटेज गायब: चोरों ने DVR ही चोरी कर लिया, जिससे पुलिस के पास कोई वीडियो फुटेज नहीं बचा।

पुलिस की कार्रवाई और जांच के अहम बिंदु

चोरी के पीछे किसी LIC कर्मचारी की संलिप्तता की जांच
जीर्णोद्धार में लगे कर्मचारियों से पूछताछ
चोरी की स्टाइल देखकर दूसरे अपराधियों के कनेक्शन खंगालना
CCTV DVR रिकवरी के प्रयास

LIC ब्रांच में हुई बड़ी सेंधमारी, सुरक्षा पर सवाल

इस हाई-प्रोफाइल चोरी ने LIC की सुरक्षा व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर कैसे चोरों को इतनी सटीक जानकारी मिल गई? क्यों ब्रांच में कैश सेफ्टी की पुख्ता व्यवस्था नहीं थी? और सबसे बड़ा सवाल – क्या कोई अंदरूनी व्यक्ति इस साजिश का हिस्सा था?

फिलहाल पुलिस इस केस को सुलझाने में जुटी है, लेकिन यह चोरी LIC और अन्य वित्तीय संस्थानों के लिए सुरक्षा को लेकर एक बड़ा सबक जरूर दे गई है।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

Nihal Ravidas निहाल रविदास, जिन्होंने बी.कॉम की पढ़ाई की है, तकनीकी विशेषज्ञता, समसामयिक मुद्दों और रचनात्मक लेखन में माहिर हैं।