Jharkhand Winter: बर्फीली आफत, 5.4 डिग्री तक लुढ़का पारा, झारखंड के 9 जिलों में कोहरे का खतरनाक येलो अलर्ट
झारखंड में बर्फीली हवाओं के साथ कड़ाके की ठंड ने दस्तक दे दी है जहाँ लोहरदगा में पारा 5.4 डिग्री तक गिर गया है और मौसम विभाग ने जमशेदपुर सहित 9 जिलों के लिए घने कोहरे का येलो अलर्ट जारी किया है। विजिबिलिटी केवल 50 मीटर रह जाने और अगले 24 घंटों में होने वाले बड़े बदलावों की पूरी सटीक जानकारी यहाँ दी गई है वरना आप भी इस शीतलहर की तैयारी से चूक जाएंगे।
रांची/जमशेदपुर, 23 दिसंबर 2025 – झारखंड में कुदरत का मिजाज अब खतरनाक रूप अख्तियार कर चुका है। राज्य के अधिकांश हिस्सों में बर्फीली हवाओं ने अपना डेरा डाल दिया है, जिससे मंगलवार की सुबह पूरी तरह 'कोहरे की चादर' में लिपटी नजर आई। स्थिति इतनी विकट हो गई है कि सड़कों पर सामने खड़ी गाड़ियां भी ओझल हैं। मौसम केंद्र रांची ने आने वाले दिनों के लिए जो चेतावनी जारी की है, वह आपको कंबलों के भीतर दुबकने पर मजबूर कर देगी। लोहरदगा में पारा 5.4 डिग्री तक गिर चुका है, जो इस सीजन की सबसे भीषण ठंड का संकेत है।
इतिहास: झारखंड की 'छोटानागपुर' की सर्द रातें और कोहरा
ऐतिहासिक रूप से झारखंड का छोटानागपुर पठार अपनी घनी झाड़ियों और ऊंचाइयों के कारण दिसंबर के अंतिम सप्ताह में 'मिनी शिमला' में तब्दील हो जाता है। 1970 और 80 के दशक में रांची और हजारीबाग का तापमान अक्सर 2 से 3 डिग्री के बीच रहता था। हालांकि, शहरीकरण के कारण जमशेदपुर और बोकारो जैसे औद्योगिक शहरों में तापमान थोड़ा बढ़ा है, लेकिन उत्तर-पश्चिम से आने वाली बर्फीली हवाओं का ऐतिहासिक प्रभाव आज भी बरकरार है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, हिमालयी क्षेत्रों में होने वाली बर्फबारी का सीधा असर झारखंड के इन पहाड़ी इलाकों पर पड़ता है, जिससे विजिबिलिटी शून्य के करीब पहुँच जाती है।
विजिबिलिटी का संकट: जब 50 मीटर की दूरी भी बनी चुनौती
मंगलवार की सुबह विजिबिलिटी (दृश्यता) के आंकड़ों ने प्रशासन की नींद उड़ा दी है।
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रांची की स्थिति: राजधानी में विजिबिलिटी गिरकर मात्र 50 मीटर रह गई, जिससे सुबह की उड़ानों और यातायात पर बुरा असर पड़ा।
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कोल्हान का हाल: जमशेदपुर में 700 मीटर दृश्यता रही, लेकिन सुबह 9 बजे के बाद ही धूप खिलने पर लोगों ने राहत की सांस ली।
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अन्य जिले: देवघर में 400 मीटर और डाल्टेनगंज में 300 मीटर विजिबिलिटी रिकॉर्ड की गई।
येलो अलर्ट: बुधवार को 9 जिलों पर मंडरा रहा है खतरा
मौसम केंद्र के अनुसार, उत्तर-पश्चिम से आने वाली बर्फीली हवाएं अब राज्य के बड़े हिस्से को जकड़ेंगी। बुधवार को इन 9 जिलों में घने कोहरे का येलो अलर्ट जारी किया गया है:
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संथाल परगना: गोड्डा, साहेबगंज, पाकुड़, दुमका, देवघर और जामताड़ा।
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कोल्हान: पूर्वी सिंहभूम (जमशेदपुर), पश्चिमी सिंहभूम और सरायकेला खरसावां।
तापमान का ताज़ा मीटर: कहां कितनी ठंड (Minimum Temp)
| जिला | न्यूनतम तापमान (°C) | स्थिति (घटा/बढ़ा) |
| लोहरदगा | 5.4 | 1.7 (घटा) - सबसे ठंडा |
| हजारीबाग | 6.9 | 0.7 (घटा) |
| डाल्टनगंज | 7.5 | 1.7 (घटा) |
| खूंटी | 8.0 | 0.7 (बढ़ा) |
| जमशेदपुर | 12.4 | 1.4 (बढ़ा) |
| बोकारो | 9.5 | 2.3 (घटा) |
अगले 24 घंटे: रातें होंगी और भी सर्द
मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि अगले 24 घंटों तक तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा, लेकिन बुधवार से पारा फिर से गोता लगाएगा। आसमान साफ रहने की वजह से रेडिएशन कूलिंग (विकिरण शीतलन) तेज होगी, जिसके कारण दिन में धूप तो खिलेगी, लेकिन सूरज ढलते ही रातें हड्डियों को कपाने वाली साबित होंगी। लातेहार, गुमला और खूंटी जैसे जिलों में भी तापमान 10 डिग्री के नीचे बना हुआ है।
सावधानी ही बचाव है
कोहरे और शीतलहर ने न केवल जनजीवन प्रभावित किया है, बल्कि सड़क हादसों का जोखिम भी बढ़ा दिया है। कोल्हान और संथाल परगना के जिलों के लिए जारी चेतावनी को देखते हुए सुबह के समय वाहन चलाने वालों को विशेष सावधानी बरतनी होगी। झारखंड की यह 'सफेद धुंध' अभी कुछ दिन और अपने पूरे शबाब पर रहने वाली है।
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