Baridih Cricket: जमशेदपुर में प्लास्टिक बॉल क्रिकेट का महाकुंभ, बस्ती सुपर किंग ने रचा इतिहास, सौरभ तिवारी के कोच ने दिए सफलता के मंत्र
जमशेदपुर के बारिडीह बस्ती स्थित हरी मैदान में आयोजित जूनियर प्लास्टिक बॉल क्रिकेट टूर्नामेंट में 16 टीमों के बीच कांटे की टक्कर हुई। भारतीय क्रिकेटर सौरभ तिवारी के कोच अशोक मिश्रा की मौजूदगी और बस्ती सुपर किंग की ऐतिहासिक जीत की पूरी रोमांचक रिपोर्ट यहाँ दी गई है वरना आप भी इन नन्हे सितारों की अद्भुत खेल प्रतिभा को देखने से चूक जाएंगे।
जमशेदपुर, 29 दिसंबर 2025 – लौहनगरी जमशेदपुर केवल बड़े उद्योगों के लिए ही नहीं, बल्कि खेल की नर्सरी के रूप में भी जानी जाती है। इसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए आज बारिडीह बस्ती स्थित हरी मैदान में 'जूनियर प्लास्टिक बॉल एकदिवसीय क्रिकेट टूर्नामेंट' का भव्य आयोजन किया गया। इस मैदान पर आज की सुबह बल्ले और गेंद की गूँज के साथ शुरू हुई, जहाँ नन्हे खिलाड़ियों के जज्बे ने पेशेवर क्रिकेटरों को भी मात दे दी। पूरे आयोजन के दौरान बारिडीह बस्ती में उत्सव जैसा माहौल रहा और स्थानीय लोगों का जोश देखते ही बन रहा था।
सौरभ तिवारी के कोच का गुरुमंत्र: "हार से ही मिलता है जीत का रास्ता"
टूर्नामेंट की गरिमा तब और बढ़ गई जब मुख्य अतिथि के रूप में अशोक मिश्रा (प्रसिद्ध भारतीय क्रिकेटर सौरभ तिवारी के कोच) मैदान पर पहुँचे। उन्होंने अपनी पारखी नजरों से बच्चों के खेल को निहारा और उनका हौसला बढ़ाया।
-
जीत का जज्बा: अशोक मिश्रा ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि ऐसे छोटे आयोजन ही भविष्य के बड़े सितारे तैयार करते हैं। खेल हमें सिखाता है कि हार के बाद जीत के लिए क्या विशेष रणनीति अपनाई जाए।
-
प्रेरणादायक सीख: उन्होंने खिलाड़ियों को नसीहत दी कि खेल केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि मानसिक मजबूती का भी माध्यम है।
मैदान का रोमांच: 16 टीमों के बीच हुआ 'महायुद्ध'
इस टूर्नामेंट में शहर की कुल 16 टीमों ने शिरकत की। सुबह से ही नॉकआउट मुकाबले शुरू हो गए थे।
-
प्रतिभा का प्रदर्शन: प्लास्टिक बॉल होने के बावजूद बच्चों ने जिस तरह से कवर ड्राइव और फ्लिक शॉट्स लगाए, उसे देखकर कोच अशोक मिश्रा भी हैरान रह गए।
-
फाइनल का घमासान: कड़ी मशक्कत के बाद फाइनल की जंग बस्ती सुपर किंग और पुच्चू 11 के बीच हुई।
-
कौन बना चैंपियन: रोमांचक मुकाबले में 'बस्ती सुपर किंग' की टीम ने अपने शानदार फील्डिंग और बल्लेबाजी के दम पर विजेता की ट्रॉफी अपने नाम की। वहीं, 'पुच्चू 11' की टीम उपविजेता रही, जिसने अंतिम गेंद तक हार नहीं मानी।
बारिडीह जूनियर टूर्नामेंट: मुख्य विवरण (Tournament Snapshot)
| विवरण | जानकारी |
| आयोजन स्थल | हरी मैदान, बारिडीह बस्ती, जमशेदपुर |
| कुल टीमें | 16 (जूनियर वर्ग) |
| विजेता टीम | बस्ती सुपर किंग (Basti Super King) |
| उपविजेता टीम | पुच्चू 11 (Puchu 11) |
| मुख्य अतिथि | अशोक मिश्रा (क्रिकेट कोच) |
इतिहास और बारिडीह का खेल प्रेम: गली से ग्राउंड तक
जमशेदपुर की बस्तियों में क्रिकेट का इतिहास बहुत पुराना है। बारिडीह बस्ती ने पहले भी कई जिला स्तरीय खिलाड़ी दिए हैं। प्लास्टिक बॉल क्रिकेट का यह चलन यहाँ इसलिए भी लोकप्रिय है क्योंकि यह बच्चों को कम खर्च में खेल की बारीकियां सिखाता है। अशोक मिश्रा जैसे दिग्गज कोच का यहाँ आना यह साबित करता है कि जमशेदपुर की गलियों में छिपी प्रतिभा को अब मुख्यधारा की पहचान मिल रही है।
मैनेजमेंट टीम की कड़ी मेहनत: सफल रहा मिशन
इस सफल आयोजन के पीछे एक मजबूत मैनेजमेंट टीम का हाथ था। कन्हैया कुमार शर्मा, उत्तम गोराई, संतोष कुमार लाल, स्वप्न गोप, रवि सिंह, अमित डे, हेमराज कुमार, राकेश चंद्रा और सुमित कुमार ने दिन-रात एक कर मैदान को तैयार किया और सुनिश्चित किया कि हर खिलाड़ी को बराबर का मौका मिले। बस्ती के गणमान्य लोगों ने भी आर्थिक और नैतिक रूप से खिलाड़ियों का पूरा समर्थन किया।
भविष्य के सितारों का उदय
टूर्नामेंट के समापन पर सभी खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई। 'बस्ती सुपर किंग' की जीत ने यह दिखा दिया कि अगर मौका और मंच मिले, तो बस्ती के बच्चे भी आसमान छू सकते हैं। बारिडीह के हरी मैदान से शुरू हुआ यह सफर शायद किसी दिन टीम इंडिया के ड्रेसिंग रूम तक पहुँच जाए।
What's Your Reaction?


