Giridih Carnage: सड़क किनारे बैठे चार लोगों को कार ने रौंदा, एक की मौत, चालक बंधक, पुलिस पर पथराव
गिरिडीह के जोड़ासिमर में तेज रफ्तार कार ने सड़क किनारे बैठे चार लोगों को कुचला, एक की मौत, तीन घायल। आक्रोशित ग्रामीणों ने पुलिस पर किया पथराव।
गिरिडीह: जिले के गावां-सतगावां रोड स्थित जोड़ासिमर के समीप शनिवार को एक भीषण सड़क हादसा हो गया। तेज रफ्तार सेंट्रो कार ने सड़क किनारे बैठे चार लोगों को कुचल दिया। हादसे में एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने चालक को पकड़कर बंधक बना लिया और सड़क जाम कर दिया। पुलिस के वाहन पर पथराव भी किया गया। पुलिस को भारी फजीहत झेलनी पड़ी।
कैसे हुआ हादसा?
जानकारी के अनुसार, शनिवार को जोड़ासिमर में गांव के कुछ लोग सड़क किनारे बैठे हुए थे। इसी दौरान एक तेज रफ्तार सेंट्रो कार अनियंत्रित हो गई और सीधे सड़क किनारे बैठे लोगों को अपनी चपेट में ले लिया। हादसा इतना भीषण था कि दो लोग कार के नीचे फंस गए। कार कई मीटर दूर जाकर केले के पौधे से टकराकर रुकी, तब जाकर लोगों ने दोनों को बाहर निकाला।
एक की मौत, तीन घायल
हादसे में 50 वर्षीय सरयू सिंह की मौत हो गई है। वहीं, 28 वर्षीय श्रीकांत सिंह, 35 वर्षीय निरंजन सिंह और 60 वर्षीय भीम राजवंशी गंभीर रूप से घायल हैं। सभी घायलों को तुरंत इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है। घटना की खबर फैलते ही पूरे इलाके में मातम छा गया।
ग्रामीणों ने चालक को बनाया बंधक, सड़क जाम
हादसे के बाद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। लोगों ने पहले घायलों को बाहर निकाला, फिर कार चालक को पकड़कर एक कमरे में बंधक बना लिया। इसके बाद ग्रामीणों ने गावां-सतगावां मुख्य सड़क को जाम कर दिया। उनकी मांग थी कि चालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और मृतक के परिवार को मुआवजा दिया जाए।
पुलिस वाहन पर ही किया पथराव
घटना की सूचना मिलते ही गावां थाना प्रभारी जेपी सिंह अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। लेकिन जैसे ही पुलिस वहां पहुंची, आक्रोशित ग्रामीणों ने पुलिस वाहन पर पथराव कर दिया। ग्रामीणों का आरोप था कि पुलिस देर से पहुंची है। पुलिसकर्मियों को खुद के बचाव के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी। हालात को देखते हुए तिसरी थाना की पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।
जनप्रतिनिधि ने संभाली स्थिति
मौके पर पसनौर मुखिया अजय साव समेत अन्य जनप्रतिनिधि और नेता पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों को समझाने का काफी प्रयास किया। किसी तरह लोगों के गुस्से को शांत किया गया। हालांकि, ग्रामीणों का कहना है कि सूचना के बाद भी पुलिस विलंब से पहुंची, जिसकी वजह से उनका गुस्सा फूट पड़ा।
पुलिस का बयान
गावां थाना प्रभारी जेपी सिंह ने बताया कि सड़क हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई है, जबकि तीन घायल हैं। उन्होंने कहा कि मामले की जांच की जा रही है और चालक के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि ग्रामीणों को समझाने के बाद सड़क जाम हटा लिया गया है और स्थिति अब नियंत्रण में है।
मुआवजे की मांग को लेकर अड़े ग्रामीण
ग्रामीणों की मांग है कि मृतक के परिवार को उचित मुआवजा दिया जाए और घायलों के इलाज की पूरी व्यवस्था सरकार करे। साथ ही, इस सड़क पर स्पीड ब्रेकर और अन्य सुरक्षा उपाय लगाए जाएं ताकि भविष्य में ऐसे हादसों से बचा जा सके।
गिरिडीह के इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि तेज रफ्तार कितनी जानलेवा हो सकती है। क्या हम अपनी सड़कों पर सुरक्षित हैं? यह खबर पढ़कर सावधान हो जाइए और अपने परिवार को भी सतर्क करें। इसे ज्यादा से ज्यादा शेयर करें ताकि प्रशासन इस ओर ध्यान दे।
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