Ranchi Arrest: मेसरा फायरिंग का खौफनाक सच आया सामने, राहुल सिंह गैंग के 5 शार्पशूटर गिरफ्तार, नीली अपाचे का वो गहरा राज खुला
रांची के बीआईटी मेसरा इलाके में हुई हवाई फायरिंग का सस्पेंस खत्म हो गया है। राहुल सिंह गिरोह के मुख्य शूटर अमन ठाकुर सहित 5 अपराधियों की गिरफ्तारी और उनके पास से मिले लोडेड पिस्टल की पूरी एक्सक्लूसिव रिपोर्ट यहाँ मौजूद है वरना आप राजधानी की सुरक्षा से जुड़ा यह बड़ा अपडेट मिस कर देंगे।
रांची/मेसरा, 18 फरवरी 2026 – राजधानी रांची के पॉश इलाके बीआईटी मेसरा में बीते 4 फरवरी की शाम को हुई ताबड़तोड़ फायरिंग ने पूरे शहर को हिला कर रख दिया था। टोयोटा शोरूम के पास सरेराह गोलियां बरसाकर दहशत फैलाने वाले अपराधियों के गिरेबान तक आखिरकार पुलिस के हाथ पहुँच गए हैं। रांची पुलिस ने राहुल सिंह गिरोह से जुड़े मुख्य शूटर अमन कुमार ठाकुर सहित कुल 5 खूंखार अपराधियों को दबोच लिया है। इनके पास से वह 'काली' मोटरसाइकिल और हथियार भी बरामद हुए हैं, जिनका इस्तेमाल उस शाम कोहराम मचाने के लिए किया गया था।
सुंदर विहार में बिछाया गया जाल: ऐसे धराया 'छोटू'
फायरिंग की घटना के बाद से ही एसएसपी राकेश रंजन के निर्देश पर पुलिस की एक स्पेशल टीम इन अपराधियों के पीछे लगी थी।
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गुप्त सूचना का असर: 17 फरवरी को पुलिस को खबर मिली कि मुख्य आरोपी अमन ठाकुर उर्फ छोटू कोकर के सुंदर विहार में ठिकाना बदलकर छिपा हुआ है।
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घेराबंदी: सिटी एसपी पारस राणा और सदर डीएसपी संजीव बेसरा की टीम ने इलाके की घेराबंदी कर 20 वर्षीय अमन को हिरासत में लिया।
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कबूलनामा: पूछताछ में अमन ने न केवल फायरिंग की बात मानी, बल्कि अपने उन साथियों के नाम भी उगल दिए जो पर्दे के पीछे से इस खेल को कंट्रोल कर रहे थे।
रंग बदली बाइक और घर में छिपा बारूद
पुलिस जब अमन के ओरमांझी स्थित पाचा गाँव वाले घर पहुँची, तो वहां से बरामदगी देखकर दंग रह गई। अपराधियों ने अपनी पहचान छुपाने के लिए नीले रंग की अपाचे मोटरसाइकिल को काले रंग से पेंट कर दिया था। मौके से एक पिस्टल, दो जिंदा गोलियां, 6 मोबाइल फोन और घटना के वक्त पहने गए कपड़े व हेलमेट बरामद किए गए। अमन की निशानदेही पर पुलिस ने करन कुमार उरांव, विशाल मुण्डा, सेंटू सिंह और रामानंद कुमार को भी सलाखों के पीछे पहुँचा दिया।
मेसरा फायरिंग कांड: अपराधियों का प्रोफाइल (Crime File)
| अपराधी का नाम | मुख्य भूमिका/इतिहास (Background) |
| अमन ठाकुर | मुख्य शूटर, रंगदारी और आर्म्स एक्ट के पुराने मामले |
| करन उरांव | गिरोह का खास सदस्य, रांची के कई थानों में दर्ज हैं केस |
| सेंटू सिंह | आर्म्स एक्ट का आरोपी, हथियारों का इंतजाम |
| राहुल सिंह गैंग | रांची का कुख्यात गिरोह जिसे ये आरोपी चलाते थे |
पुरानी रंजिश या रंगदारी? पुलिस की थ्योरी
सिटी एसपी पारस राणा के अनुसार, गिरफ्तार किए गए अपराधी कोई नौसिखिए नहीं हैं।
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पुराना रिकॉर्ड: करन उरांव और सेंटू सिंह पर पहले से ही आर्म्स एक्ट और लूट जैसे गंभीर मुकदमे दर्ज हैं।
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गैंग का विस्तार: राहुल सिंह गिरोह के ये सदस्य रांची के बाहरी इलाकों में अपना दबदबा बनाने की कोशिश कर रहे थे।
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अगला टारगेट: पुलिस अब इन 6 मोबाइल फोनों को खंगाल रही है ताकि पता चल सके कि फायरिंग के पीछे का असली मास्टरमाइंड कौन था और उनके अगले अपराधियों के लिए सख्त चेतावनी
इस सफल ऑपरेशन में सदर थाना प्रभारी कुलदीप कुमार और मेसरा ओपी प्रभारी अजय कुमार दास की अहम भूमिका रही। इस कार्रवाई ने मेसरा के व्यापारियों और निवासियों को बड़ी राहत दी है।
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