Ranchi Holiday : झारखंड में रामनवमी अवकाश पर बड़ा संशोधन, अब 26 नहीं 27 मार्च को बंद रहेंगे दफ्तर, कार्मिक विभाग का नया आदेश
झारखंड सरकार ने रामनवमी की छुट्टी को लेकर बड़ा बदलाव किया है। पहले 26 मार्च को घोषित अवकाश अब 27 मार्च शुक्रवार को होगा। कार्मिक विभाग द्वारा जारी इस नई अधिसूचना और एनआई एक्ट के तहत सरकारी कार्यालयों के बंद रहने की पूरी जानकारी यहाँ देखें।
रांची, 25 मार्च 2026 – झारखंड सरकार के कार्मिक, प्रशासनिक सुधार तथा राजभाषा विभाग ने रामनवमी के पावन अवसर पर घोषित सरकारी अवकाश की तिथि में एक महत्वपूर्ण संशोधन किया है। राज्य के लाखों सरकारी कर्मचारियों और आम जनता के लिए यह खबर बेहद जरूरी है, क्योंकि पहले से निर्धारित कैलेंडर में अब बड़ा बदलाव हो गया है। सरकार द्वारा जारी नई अधिसूचना के अनुसार, अब रामनवमी की छुट्टी 26 मार्च (गुरुवार) को नहीं, बल्कि 27 मार्च (शुक्रवार) को होगी। इस फैसले के बाद अब कल यानी गुरुवार को राज्य के सभी सरकारी कार्यालय सामान्य दिनों की तरह खुले रहेंगे और कामकाज नियमित रूप से संपन्न होगा।
अधिसूचना संख्या-7244 में संशोधन: क्या है नया आदेश?
कार्मिक विभाग ने अपनी पुरानी अधिसूचना (दिनांक 10 दिसंबर 2025) में सुधार करते हुए स्पष्ट किया है कि त्योहार की सही तिथि और गणना को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है।
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एनआई एक्ट के तहत छुट्टी: सरकार के अवर सचिव दिलीप कुमार साह के हस्ताक्षर से जारी इस आदेश में कहा गया है कि 27 मार्च को 'नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट' (NI Act) के तहत सार्वजनिक अवकाश रहेगा।
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बैंक और दफ्तर: इस संशोधन का सीधा असर बैंकों, ट्रेजरी और सभी राज्य स्तरीय कार्यालयों पर पड़ेगा। अब शुक्रवार को ही आधिकारिक तौर पर ताले लटकेंगे।
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गुरुवार को काम: 26 मार्च को अब 'वर्किंग डे' घोषित कर दिया गया है। ऐसे में जो लोग कल की छुट्टी मानकर बैठे थे, उन्हें अब दफ्तरों का रुख करना होगा।
प्रेस विज्ञप्ति और व्यापक प्रचार: सरकार की तैयारी
चूंकि यह बदलाव ऐन वक्त पर किया गया है, इसलिए सरकार ने सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग (IPRD) को विशेष निर्देश दिए हैं।
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समाचार पत्रों में प्रकाशन: सरकार ने निर्देश दिया है कि 26 मार्च की सुबह प्रकाशित होने वाले सभी प्रमुख दैनिक समाचार पत्रों में इस संशोधन की खबर प्रमुखता से छपवाई जाए ताकि कोई भ्रम न रहे।
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अवर सचिव का निर्देश: आदेश में साफ कहा गया है कि इस सूचना को डिजिटल और प्रिंट दोनों माध्यमों से आम जनता तक पहुँचाया जाए ताकि सुदूर इलाकों के कर्मचारियों को भी समय पर इसकी जानकारी मिल सके।
झारखंड में रामनवमी का गौरवशाली इतिहास और परंपरा
झारखंड में रामनवमी केवल एक धार्मिक त्योहार नहीं, बल्कि एक सांस्कृतिक महापर्व है, जिसकी जड़ें यहाँ के इतिहास में बहुत गहरी हैं।
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अखाड़ा संस्कृति: राजधानी रांची से लेकर जमशेदपुर और हजारीबाग तक, झारखंड की रामनवमी अपने विशाल 'मंगला जुलूस' और पारंपरिक अखाड़ों के लिए विश्व प्रसिद्ध है। यहाँ के अखाड़ों में लाठी, तलवार और पारंपरिक शस्त्रों के प्रदर्शन का इतिहास दशकों पुराना है।
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सांप्रदायिक सौहार्द: कोल्हान और छोटानागपुर के इलाकों में रामनवमी के झंडे (महावीरी झंडे) की ऊंचाई और भव्यता देखते ही बनती है। सरकार अक्सर जुलूस की तिथियों और विसर्जन के समय को देखते हुए ही अवकाश की तिथियों में सामंजस्य बिठाती है।
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प्रशासनिक सतर्कता: रामनवमी के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखना सरकार के लिए बड़ी चुनौती होती है, यही वजह है कि कार्मिक विभाग छुट्टियों के निर्धारण में संवेदनशीलता बरतता है।
अगला कदम: जुलूस की तारीखों पर भी पड़ सकता है असर?
अवकाश की तिथि बदलने के बाद अब अखाड़ा समितियों और प्रशासन के बीच समन्वय की नई जरूरत होगी।
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ट्रैफिक डायवर्जन: रांची और जमशेदपुर जैसे शहरों में अब 27 मार्च को बड़े ट्रैफिक डायवर्जन देखने को मिल सकते हैं, क्योंकि सरकारी छुट्टी वाले दिन ही जुलूस की भीड़ बढ़ने की संभावना रहती है।
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बैंक ट्रांजैक्शन: बैंक कर्मियों और खाताधारकों को अब 27 मार्च के बंद के हिसाब से अपने वित्तीय कार्यों की योजना बनानी होगी।
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स्कूलों की स्थिति: राज्य सरकार के इस आदेश के बाद निजी स्कूलों द्वारा भी शुक्रवार को ही अवकाश घोषित किए जाने की उम्मीद है, हालांकि इसके लिए अलग से सूचना जारी होगी।
झारखंड सरकार द्वारा रामनवमी की छुट्टी में किया गया यह संशोधन प्रशासनिक व्यवस्था को सुचारू रखने का एक प्रयास है। गुरुवार को दफ्तर खोलना और शुक्रवार को आधिकारिक अवकाश घोषित करना, त्योहार की भव्यता और सुरक्षा व्यवस्था के लिहाज से एक रणनीतिक कदम माना जा रहा है। दिलीप कुमार साह द्वारा जारी यह आदेश अब पूरे राज्य में प्रभावी हो गया है। क्या इस बदलाव से आम जनता को सहूलियत होगी? फिलहाल, कार्मिक विभाग ने अपना रुख साफ कर दिया है और अब 27 मार्च को ही महावीरी झंडे के सम्मान में आधिकारिक अवकाश रहेगा।
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