Dhanbad Accident : धनबाद में हाहाकार, बस और ट्रेलर की जबर्दस्त टक्कर से केबिन टूटकर गिरा, दर्जनों यात्री घायल, NH-114A पर लगा जाम
क्या आप जानते हैं कि धनबाद के कमलपुर में बुधवार को यात्री बस और ट्रेलर के बीच टक्कर इतनी भीषण क्यों थी? ओवरटेक और तेज रफ्तार के कारण हुई इस दुर्घटना में ट्रेलर का केबिन टूटकर कैसे अलग हो गया? गंभीर घायल चालक और बस में सवार यात्रियों का क्या हुआ? गोविंदपुर-गिरिडीह मुख्य मार्ग पर यातायात क्यों बाधित हुआ? जानें झारखंड के इन प्रमुख राजमार्गों पर बढ़ते सड़क हादसों की चिंताजनक वजह और पुलिस की तत्काल कार्रवाई!
धनबाद, 29 अक्टूबर 2025 – धनबाद जिले के टुंडी थाना अंतर्गत गोविंदपुर-गिरिडीह मुख्य मार्ग यानी NH-114A पर कमलपुर के पास बुधवार को एक भयानक सड़क हादसा हुआ, जिसने क्षेत्र में दहशत पैदा कर दी। एक तेज रफ्तार यात्री बस और एक विशालकाय ट्रेलर के बीच हुई इस जोरदार टक्कर के कारण सड़क पर अफरा-तफरी मच गई। यह मार्ग झारखंड के प्रमुख व्यापारिक केंद्रों को जोड़ता है, और यहाँ की दुर्घटनाओं का इतिहास तेज रफ्तार और ओवरटेकिंग की भयावह कहानी कहता है।
टक्कर इतनी जोरदार कि ट्रेलर का केबिन गिर गया!
कमलपुर में हुई यह दुर्घटना इतनी भयानक थी कि इसके दृश्य दिल दहला देने वाले थे।
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भीषण क्षति: टक्कर के कारण ट्रेलर का केबिन अलग होकर सड़क पर गिर गया, जबकि बस और ट्रेलर दोनों का अगला हिस्सा पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया।
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घायलों का हाल: इस हादसे में ट्रेलर चालक गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे नाजुक हालत में नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं, बस में सवार कई यात्री भी घायल हुए हैं, जिनका इलाज स्थानीय अस्पताल में चल रहा है।
घटना के प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस के अनुसार, हादसा मुख्य रूप से वाहनों के असुरक्षित ओवरटेक करने और अत्यधिक तेज रफ्तार के कारण हुआ।
स्थानीय लोगों की मदद से बची जानें
हादसे के तुरंत बाद सड़क पर चीख-पुकार और अफरा-तफरी मच गई। उस वक्त सड़क पर राजमार्ग की सुरक्षा व्यवस्था की कमी साफ दिखाई दी, लेकिन स्थानीय लोगों ने मानवता का परिचय दिया।
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तत्काल राहत: आस-पास के लोग तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने बस के क्षतिग्रस्त हिस्से से घायलों को बाहर निकाला और तत्काल एंबुलेंस के माध्यम से उन्हें अस्पताल भिजवाया।
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पुलिस कार्रवाई: सूचना मिलते ही टुंडी पुलिस भी घटनास्थल पहुंची। पुलिस ने सबसे पहले घायलों को अस्पताल भेजने में मदद की और फिर सड़क पर बिखरे बस और ट्रेलर के मलबे को हटवाकर यातायात को बहाल किया, जो हादसे के बाद पूरी तरह से ठप्प हो गया था।
झारखंड में सड़क हादसों का इतिहास दुर्भाग्यपूर्ण रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि गोविंदपुर-गिरिडीह जैसे प्रमुख राजमार्गों पर तेज रफ्तार और ओवरलोडिंग के कारण अक्सर ऐसे हादसे होते हैं। इस मार्ग पर यात्रियों और मालवाहक वाहनों की अत्यधिक आवाजाही होती है। इस हादसे ने एक बार फिर तेज रफ्तार पर लगाम कसने और राजमार्ग पर गश्त बढ़ाने की जरूरत को रेखांकित किया है। घायलों के ठीक होने के बाद पुलिस इस मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई करेगी।
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