Kapali Fire : कपाली में भीषण आग: सेहरी के वक्त उठा धुआं और राख हो गए 40 लाख
जमशेदपुर के कपाली स्थित मलिक गार्डन के पास इम्तियाज अंसारी के कपड़ा गोडाउन में सोमवार तड़के भीषण आग लग गई। 40 लाख रुपये का माल जलकर खाक होने और सेहरी के वक्त मची इस अफरा-तफरी की पूरी रिपोर्ट यहाँ मौजूद है।
जमशेदपुर/कपाली, 2 मार्च 2026 – औद्योगिक नगरी जमशेदपुर से सटे सरायकेला जिले के कपाली ओपी अंतर्गत मलिक गार्डन इलाके में सोमवार की अलसुबह प्रकृति के कहर और शॉर्ट सर्किट की आशंका के बीच एक बड़ा हादसा हो गया। यहाँ स्थित एक नामी कपड़ा गोडाउन में अचानक लगी भीषण आग ने देखते ही देखते लाखों का माल खाक कर दिया। घटना तब हुई जब लोग पवित्र महीने के दौरान सेहरी की तैयारी कर रहे थे। आग की लपटें इतनी भयावह थीं कि आसपास के घरों में सो रहे लोग भी दहशत में बाहर निकल आए।
सेहरी के वक्त उठा धुआं: आँखों के सामने खाक हुई मेहनत
गोडाउन के मालिक इम्तियाज अंसारी ने बताया कि उनकी दुकान और गोदाम का नाम 'हेदायत इंटरनेशनल क्लॉथ' है। उनका निवास स्थान गोडाउन के ठीक बगल में ही स्थित है। घटनाक्रम कुछ इस प्रकार रहा:
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तड़के 3 बजे की घटना: सोमवार तड़के करीब 3 बजे जब इम्तियाज सेहरी के लिए उठे, तो उन्हें पास के गोडाउन से धुएं की गंध आई। खिड़की से बाहर देखते ही उनके पैरों तले जमीन खिसक गई—पूरा गोडाउन आग की लपटों में घिरा हुआ था।
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बस्ती वालों का साहस: शोर मचते ही मलिक गार्डन के स्थानीय निवासी बाल्टियां लेकर दौड़ पड़े। दमकल के पहुँचने से पहले ही मोहल्ले के लोगों ने पानी डालकर आग पर काबू पाने की जीतोड़ कोशिश की, ताकि आग रिहायशी मकानों तक न फैले।
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लाखों का नुकसान: शुरुआती अनुमान के मुताबिक, गोडाउन में रखा ब्रांडेड कपड़ों का स्टॉक पूरी तरह जल चुका है, जिसकी कीमत लगभग 40 लाख रुपये बताई जा रही है।
कपाली का व्यापारिक इतिहास: क्यों महत्वपूर्ण है यह क्षेत्र?
कपाली और उसके आसपास के मलिक गार्डन जैसे इलाके पिछले दो दशकों (2000 के बाद) में तेजी से व्यापारिक हब के रूप में उभरे हैं। जमशेदपुर के मानगो और साकची के बाजारों से सटे होने के कारण यहाँ बड़े कपड़ों के गोदामों की संख्या बढ़ी है।
इतिहास गवाह है कि इस क्षेत्र की घनी आबादी और संकरी गलियों में अक्सर अग्निशमन यंत्रों (Fire Extinguishers) की कमी भारी पड़ती रही है। इससे पहले भी कपाली के आसपास छोटे-बड़े कारखानों में आगजनी की घटनाएं दर्ज हुई हैं, लेकिन 40 लाख के नुकसान वाली यह घटना हाल के वर्षों की सबसे बड़ी व्यापारिक क्षति मानी जा रही है। 2026 की यह घटना एक बार फिर सुरक्षा मानकों (Safety Norms) पर सवाल खड़ा करती है।
आगजनी की घटना: मुख्य विवरण
| विवरण | प्रमुख जानकारी |
| स्थान | मलिक गार्डन, कपाली (जमशेदपुर सीमा) |
| गोडाउन का नाम | हेदायत इंटरनेशनल क्लॉथ |
| नुकसान | लगभग 40 लाख रुपये का कपड़ा |
| वक्त | सोमवार तड़के 3:00 बजे |
पुलिस और फायर ब्रिगेड की जांच जारी
घटना की आधिकारिक सूचना कपाली ओपी पुलिस को दे दी गई है। मौके पर पहुँची पुलिस टीम ने नुकसान का जायजा लिया है।
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कारणों का सस्पेंस: फिलहाल आग लगने के पीछे शॉर्ट सर्किट को प्राथमिक कारण माना जा रहा है, लेकिन पुलिस हर एंगल से जांच कर रही है।
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राहत की बात: गनीमत यह रही कि यह आग रात के वक्त लगी और गोडाउन के भीतर कोई कर्मचारी मौजूद नहीं था, जिससे कोई जानमाल का नुकसान (Human Casualty) नहीं हुआ।
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जांच प्रक्रिया: पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या गोडाउन में फायर सेफ्टी के नियमों का पालन किया गया था या नहीं।
राख में बदली उम्मीदें
त्योहारों और व्यापार के सीजन के बीच इस तरह की आगजनी ने इम्तियाज अंसारी के परिवार को बड़ा आर्थिक झटका दिया है। कपाली की गलियों में अभी भी धुएं की गंध के साथ-साथ व्यापारियों के मन में असुरक्षा का डर व्याप्त है। पुलिस की विस्तृत जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि इस तबाही का असली जिम्मेदार कौन है।
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