Jamshedpur Justice: जमशेदपुर में 'जस्टिस डायनामिक सोसाइटी' का उदय, अब कोर्ट के चक्करों से मिलेगी मुक्ति, वकीलों की नई टीम गरीबों को दिलाएगी हक
जमशेदपुर में नवगठित जस्टिस डायनामिक सोसाइटी (JDS) की घोषणा के साथ अब हर गरीब को मिलेगा मुफ्त कानूनी कवच। हुम पाइप इलाके में अधिवक्ताओं की इस बड़ी बैठक और संस्था के उन गुप्त मिशनों की पूरी रिपोर्ट यहाँ मौजूद है वरना आप भी मानवाधिकार और आदिवासी अधिकारों के लिए शुरू हुए इस नए युग की जानकारी से चूक जाएंगे।
जमशेदपुर, 24 जनवरी 2026 – लौहनगरी जमशेदपुर में आज न्याय की एक नई किरण जगी है। सिविल कोर्ट के समीप किशोरी नगर (हुम पाइप) में आयोजित एक ऐतिहासिक बैठक में सामाजिक संस्था ‘जस्टिस डायनामिक सोसाइटी’ (Justice Dynamics Society - JDS) के गठन की औपचारिक घोषणा की गई। यह संस्था केवल एक नाम नहीं, बल्कि उन हजारों मजलूमों की आवाज बनने का संकल्प है जो कानून की पेचीदगियों और भारी-भरकम फीस के कारण न्याय से वंचित रह जाते हैं। कोल्हान विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र नेता और वरिष्ठ अधिवक्ता ज्योतिर्मय दास के नेतृत्व में बनी यह टीम अब जमशेदपुर की गलियों से लेकर कोर्ट की दहलीज तक गरीबों का सुरक्षा कवच बनेगी।
न्याय का नया ठिकाना: वकीलों और समाजसेवियों का महासंगम
बैठक की अध्यक्षता कर रहे संस्थापक ज्योतिर्मय दास ने संस्था के विजन को साझा करते हुए स्पष्ट किया कि JDS का उद्देश्य महज कानूनी कागजों तक सीमित रहना नहीं है।
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निःशुल्क विधिक सहायता: समाज के अंतिम व्यक्ति तक सुलभ और मुफ्त कानूनी सलाह पहुँचाना संस्था की प्राथमिकता होगी।
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अधिकारों की रक्षा: महिला एवं बाल संरक्षण के साथ-साथ 'आदिवासी अधिकारों' और 'मानवाधिकारों' के लिए यह संस्था एक योद्धा की तरह कार्य करेगी।
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आरटीआई का हथियार: सूचना के अधिकार (RTI) के जरिए सरकारी तंत्र में पारदर्शिता लाना और जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ जन-जन तक पहुँचाना JDS का मुख्य एजेंडा है।
टीम 'जस्टिस': कौन संभालेंगे कमान?
बैठक में सर्वसम्मति से एक मजबूत कार्यकारिणी समिति का गठन किया गया, जो संस्था के कार्यों को गति प्रदान करेगी:
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अध्यक्ष / संस्थापक: श्री ज्योतिर्मय दास (अधिवक्ता)
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उपाध्यक्ष: श्रीमती रूपाली दास
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सचिव: श्री सुमित चन्द्र पोद्दार
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सह-सचिव: श्री विकास पासवान
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कोषाध्यक्ष: श्री जगन्नाथ सिंह
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संयुक्त कोषाध्यक्ष: श्री फागु सोरेन
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कार्यकारिणी सदस्य: श्री राम चन्द्र हंसदा, श्री कृष्ण लाल, श्री महेश कुमार वर्मा आदि।
जस्टिस डायनामिक सोसाइटी (JDS): मुख्य कार्यक्षेत्र (Mission Scope)
| विभाग (Department) | मुख्य उद्देश्य (Goal) |
| विधिक साक्षरता | आम जनता को उनके कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करना |
| पर्यावरण संरक्षण | प्रदूषण मुक्त जमशेदपुर के लिए वृक्षारोपण और जल संवर्धन |
| सरकारी योजनाएं | केंद्र/राज्य सरकार की योजनाओं का 'लास्ट माइल' वितरण |
| सामाजिक न्याय | बाल श्रम और घरेलू हिंसा के खिलाफ कड़ा रुख |
इतिहास का पन्ना: जमशेदपुर की कानूनी विरासत और ज्योतिर्मय दास का सफर
जमशेदपुर का इतिहास केवल लोहे और पसीने का नहीं है, बल्कि यह टाटा स्टील (TISCO) के दौर से ही 'लेबर लॉ' और 'इंडस्ट्रियल जस्टिस' की ऐतिहासिक भूमि रही है। 1920 के दशक में जब जमशेदपुर में मजदूर यूनियनों का गठन हुआ, तभी से यहाँ न्याय के लिए संघर्ष की नींव पड़ी थी। 1950 और 60 के दशक में साकची और बिष्टुपुर के वकीलों ने पूरे देश में अपनी साख बनाई। इसी ऐतिहासिक विरासत को आगे बढ़ा रहे हैं ज्योतिर्मय दास।
अभाविप (ABVP) के पूर्व कार्यकर्ता और कोल्हान विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र प्रतिनिधि रहने के कारण ज्योतिर्मय दास का छात्र राजनीति से लेकर सामाजिक संघर्षों तक का लंबा इतिहास रहा है। उन्होंने हमेशा छात्रों और युवाओं के हक की लड़ाई लड़ी है। आज 'जस्टिस डायनामिक सोसाइटी' का गठन उनके उसी दशकों पुराने संघर्ष का अगला पड़ाव है, जो जमशेदपुर के सामाजिक इतिहास में एक मील का पत्थर साबित होगा।
अगला कदम: जल्द होगा विधिवत पंजीकरण
संस्था ने यह स्पष्ट कर दिया है कि वे पूरी तरह से गैर-लाभकारी (Non-profit) और पारदर्शी तरीके से कार्य करेंगे। प्रारंभिक चरण में छोटे-छोटे जागरूकता शिविर लगाए जाएंगे, ताकि लोगों का सिस्टम पर भरोसा बढ़ सके। बैठक में कमल किशोर वर्मा, सुमित गोस्वामी, तारक दास और अन्य प्रबुद्ध जनों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराकर इस मुहिम को समर्थन दिया।
जमशेदपुर को मिला नया 'वॉचडॉग'
जस्टिस डायनामिक सोसाइटी (JDS) का जन्म जमशेदपुर के सामाजिक ढाँचे में एक नई जान फूँकने जैसा है। एक ऐसे समय में जब कानून महंगा होता जा रहा है, अधिवक्ताओं की यह टोली 'न्याय के लिए समर्पण' की नई मिसाल पेश करने जा रही है।
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