Mango Electric Fire: गर्मी में केबल ने पकड़ी आग, फल के ठेले को लपेटा, स्थानीय लोगों ने बचाई जान
मानगो के ओल्ड पुरुलिया रोड पर इलेक्ट्रिक केबल में आग, फल के ठेले को नुकसान, गर्मी और ढीले तार बने वजह, लोगों से सावधानी की अपील।
Mango Fire Shocker: जमशेदपुर में बढ़ती गर्मी का असर अब बिजली के तारों और केबलों पर भी दिखने लगा है। शनिवार को मानगो के ओल्ड पुरुलिया रोड स्थित गरीब कॉलोनी में एक इलेक्ट्रिक केबल में अचानक आग लग गई। आग ने पास में लगे एक फल के ठेले को भी अपनी चपेट में ले लिया। गनीमत रही कि समय रहते स्थानीय लोग सक्रिय हो गए और कोई जनहानि नहीं हुई।
तारों से उठी चिंगारी, ठेले तक पहुंची आग
गरीब कॉलोनी में स्थित एक बिजली के केबल में अचानक चिंगारी उठी और देखते-देखते उसमें आग लग गई। तेज हवा के कारण आग तेजी से फैलने लगी और केबल के नीचे लगे फल के ठेले तक पहुंच गई। ठेला जलने लगा और आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मच गई। लोग डर गए कि कहीं आग पूरी कॉलोनी में न फैल जाए।
स्थानीय लोगों की सतर्कता से टला बड़ा हादसा
इस घटना में सबसे राहत देने वाली बात यह रही कि स्थानीय लोगों ने तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी। उन्होंने पास की मिट्टी और पानी से आग बुझाने की कोशिश की और बिजली विभाग को सूचना दी। समय पर सूचना मिलने के बाद बिजली विभाग ने सप्लाई काट दी और आग को फैलने से रोक दिया गया। हालांकि, तब तक फल का ठेला पूरी तरह जल चुका था।
क्यों बढ़ रही हैं आग की घटनाएं?
मानगो का ओल्ड पुरुलिया रोड इलाका घनी आबादी वाला है। यहाँ छोटी-छोटी दुकानें, ठेले और रिहायशी कॉलोनियाँ हैं। पिछले कुछ वर्षों में यहाँ बिजली के तार पुराने हो गए हैं और उनकी लोड क्षमता भी कम है। ब्रिटिश काल के बाद जब जमशेदपुर बसा, तब इस इलाके में कम बिजली की जरूरत थी। लेकिन आज यहाँ एसी, कूलर, फ्रिज और अन्य उपकरणों का लोड काफी बढ़ गया है। ओवरलोडिंग और ढीले तारों के कारण शॉर्ट सर्किट और आग लगने की घटनाएं बढ़ी हैं।
गर्मी ने बढ़ाई मुश्किल
इन दिनों जमशेदपुर में भीषण गर्मी पड़ रही है। तापमान 41 डिग्री के पार चला गया है। इस गर्मी में तार और केबल जल्दी गर्म हो जाते हैं। जब लोड अधिक होता है और केबल पुरानी होती है, तो उसमें स्पार्किंग होना और फिर आग लगना स्वाभाविक हो जाता है। पिछले कुछ दिनों में मानगो इलाके में यह तीसरी ऐसी घटना है।
बिजली विभाग पर उठ रहे सवाल
स्थानीय लोगों ने बिजली विभाग पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि पुराने तारों को बदलने का काम लंबे समय से लंबित है। बार-बार आग लगने के बावजूद विभाग कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा। लोगों का कहना है कि अगर जल्द तारों को नहीं बदला गया और लोड नहीं बढ़ाया गया, तो बड़ा हादसा हो सकता है।
ठेले वाले हुए बर्बाद
फल के ठेले के मालिक ने बताया कि आग लगने से उसके सारे फल, तराजू और ठेला पूरी तरह जल गए। वह इसी ठेले से अपने परिवार का गुजारा चला रहा था। अब उसके सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। उसने प्रशासन और बिजली विभाग से मुआवजे की मांग की है।
आम लोगों के लिए सुरक्षा सुझाव
इन घटनाओं के बाद प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे निम्न सावधानियां बरतें:
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इलेक्ट्रिक केबल के पास दुकान या ठेला न लगाएं
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पोल के आसपास कचरा या ज्वलनशील सामग्री न रखें
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खुले या लटकते तार दिखने पर तुरंत बिजली विभाग को सूचना दें (हेल्पलाइन: 1912)
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घर में ओवरलोडिंग न करें, एक साथ कई उपकरण न चलाएं
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एसी, कूलर और हीटर का सही मेंटेनेंस कराएं
बिजली विभाग पर जिम्मेदारी
बिजली विभाग को अब गंभीरता से इस मुद्दे पर काम करना होगा। पुराने तारों को बदलने, लोडिंग क्षमता बढ़ाने और नियमित निरीक्षण करने की जरूरत है। अगर विभाग ने समय पर कदम नहीं उठाया तो गर्मी के बढ़ते स्तर के साथ ऐसी और घटनाएं हो सकती हैं।
आपकी राय क्या है – क्या सरकार को मानगो जैसे घने इलाकों में पुराने तार बदलने का काम तुरंत करना चाहिए? कमेंट में बताएं।
अगर आपके आसपास लटकते या खुले तार हैं, तो तुरंत बिजली विभाग को कॉल करें।
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