Sahibganj Horror: कलयुगी मां ने प्रेमी के साथ मिलकर उजाड़ा अपना ही सुहाग, 14 साल के बेटे ने देखी थी आपत्तिजनक करतूत
साहिबगंज के बरहरवा में एक मां ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर सगे बेटे की जान ले ली। रोंगटे खड़े कर देने वाली इस हत्या और मासूम आयुष के साथ हुई दरिंदगी की पूरी इनसाइड स्टोरी यहाँ मौजूद है वरना आप रिश्तों के कत्ल और पुलिस के इस बड़े खुलासे से अनजान रह जाएंगे।
साहिबगंज, 11 फरवरी 2026 – झारखंड के साहिबगंज जिले से एक ऐसी घटना सामने आई है जिसने ममता के पावन रिश्ते को कलंकित कर दिया है। बरहरवा थाना क्षेत्र के रतनपुर गांव में एक मां ने अपने ही 14 साल के बेटे की गला दबाकर हत्या कर दी। वजह सिर्फ इतनी थी कि मासूम बेटे ने मां को उसके प्रेमी के साथ आपत्तिजनक हालत में देख लिया था। लोक-लाज और बदनामी के डर से मां इस कदर हैवान बन गई कि उसने अपने ही जिगर के टुकड़े को मौत के घाट उतार दिया और शव को पोखर में फेंक दिया। बुधवार को पुलिस ने इस रूह कंपा देने वाली वारदात का सनसनीखेज खुलासा किया है।
विरोध बना काल: आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया था राज
बरहरवा एसडीपीओ नितिन खंडेलवाल ने बताया कि मृतक आयुष कुमार ने अपनी मां मीनू देवी (33) को उसके ममेरे भाई और प्रेमी रोहित साहा (30) के साथ ऐसी स्थिति में देख लिया था जिसे कोई बेटा स्वीकार नहीं कर सकता।
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अवैध संबंध: मीनू और रोहित के बीच पिछले दो साल से प्रेम प्रसंग चल रहा था।
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7 फरवरी की काली रात: रात करीब 9 बजे जब आयुष के पिता घर पर नहीं थे, मीनू ने रोहित को घर के पीछे बुलाया। आयुष ने दोनों को रंगे हाथों पकड़ लिया और विरोध किया। इसी विरोध को शांत करने के लिए दोनों ने मिलकर आयुष का गला घोंट दिया।
नाखून के निशान और मां का इनकार: ऐसे फंसी हत्यारी मां
शुरुआत में मीनू ने इसे एक हादसा दिखाने की कोशिश की और दावा किया कि आयुष पोखर में डूब गया होगा। लेकिन पुलिस की पैनी नजर से सच छिप न सका।
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गर्दन पर निशान: आयुष की गर्दन पर नाखून के गहरे निशान थे, जो संघर्ष की गवाही दे रहे थे।
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पोस्टमॉर्टम का विरोध: मीनू देवी बार-बार पुलिस से कह रही थी कि वह बेटे का पोस्टमॉर्टम नहीं कराना चाहती। एक मां का यह व्यवहार पुलिस को खटका।
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बयानों में अंतर: मां और प्रेमी के बयानों में भारी विरोधाभास था। जब पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की, तो मीनू टूट गई और उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
साहिबगंज मर्डर केस: मुख्य विवरण (Crime Snapshot)
| विवरण | प्रमुख जानकारी (Key Facts) |
| पीड़ित | आयुष कुमार (14 वर्ष) |
| आरोपी | मां (मीनू देवी) और प्रेमी (रोहित साहा) |
| वजह | अवैध संबंधों का राज खुलने का डर |
| हत्या का तरीका | गला दबाकर हत्या, शव पोखर में फेंका |
| खुलासा | बरहरवा एसडीपीओ नितिन खंडेलवाल द्वारा |
गिरफ्तारी और गांव में सन्नाटा
पुलिस ने मीनू देवी और रोहित साहा को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। रतनपुर गांव के लोग इस घटना से स्तब्ध हैं। हर किसी की जुबान पर एक ही सवाल है कि कोई मां इतनी निष्ठुर कैसे हो सकती है? आयुष के पिता की हालत गंभीर है, जो अपने ही घर के चिराग को अपनी पत्नी के हाथों बुझता देख टूट चुके हैं।
ममता की हार, कानून की जीत
साहिबगंज की इस घटना ने समाज के सामने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस की तत्परता ने 72 घंटे के भीतर कातिलों को सलाखों के पीछे पहुँचा दिया, लेकिन आयुष की जान वापस नहीं आ सकती।
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