Aadhaar Update: बड़ा झटका, आधार PVC कार्ड बनवाना हुआ महंगा, UIDAI ने बढ़ाए दाम, आज ही जानें नई कीमतें
UIDAI ने आधार PVC कार्ड की फीस में भारी बढ़ोतरी कर दी है और नई दरें 1 जनवरी 2026 से लागू हो चुकी हैं। जेब पर पड़ने वाले इस बोझ और हाई-टेक सुरक्षा वाले कार्ड को पुराने दाम पर पाने की आखिरी संभावना की पूरी रोंगटे खड़े कर देने वाली रिपोर्ट यहाँ दी गई है वरना आप भी बढ़े हुए दामों के इस जाल में फंस जाएंगे।
नई दिल्ली/रांची, 7 जनवरी 2026 – अगर आप भी अपने पुराने फटे हुए कागजी आधार कार्ड से छुटकारा पाकर नया चमकदार और मजबूत PVC आधार कार्ड बनवाने की सोच रहे थे, तो आपके लिए एक जरूरी खबर है। भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने नए साल का तोहफा कुछ अलग अंदाज में दिया है। 1 जनवरी 2026 से आधार पीवीसी कार्ड मंगाना अब आपकी जेब पर थोड़ा और भारी पड़ने वाला है। प्राधिकरण ने इसकी फीस में सीधी बढ़ोतरी कर दी है। अब आपको अपनी पहचान को 'क्रेडिट कार्ड' जैसा लुक देने के लिए पहले के मुकाबले ज्यादा पैसे चुकाने होंगे।
महंगाई की मार: 50 नहीं, अब चुकाने होंगे इतने रुपये
UIDAI के पोर्टल और mAadhaar मोबाइल ऐप के जरिए मंगाए जाने वाले पीवीसी कार्ड की कीमतों में यह बदलाव वैश्विक स्तर पर बढ़ती लागतों के कारण किया गया है।
-
नई कीमतें: पहले जिस पीवीसी कार्ड के लिए हमें केवल 50 रुपये देने पड़ते थे, अब उसकी कीमत बढ़ाकर 75 रुपये (टैक्स सहित) कर दी गई है।
-
क्यों बढ़े दाम: UIDAI का तर्क है कि कार्ड की सामग्री, हाई-सिक्योरिटी प्रिंटिंग, सुरक्षित पैकेजिंग और तेजी से घर तक पहुँचाने (डिलीवरी) के खर्चों में भारी इजाफा हुआ है। इसी गुणवत्ता को बनाए रखने के लिए फीस की समीक्षा की गई है।
पीवीसी कार्ड ही क्यों? क्या है इसमें खास?
बहुत से लोग सोचते हैं कि जब उनके पास कागजी आधार है, तो वे 75 रुपये क्यों खर्च करें? इसका जवाब इसकी मजबूती और सुरक्षा में छिपा है:
-
सुरक्षा फीचर्स: इसमें होलोग्राम, गिलोच पैटर्न, घोस्ट इमेज और माइक्रो टेक्स्ट जैसे एडवांस फीचर्स होते हैं, जिनकी नकल करना नामुमकिन है।
-
टिकाऊपन: यह पानी में खराब नहीं होता और वॉलेट में रखने पर मुड़ता या फटता नहीं है।
-
QR कोड: कार्ड पर एक सुरक्षित क्यूआर कोड होता है, जिससे ऑफलाइन वेरिफिकेशन तुरंत हो जाता है।
आधार PVC कार्ड: नया शुल्क ढांचा (New Fee Structure 2026)
| विवरण | पुरानी दर (Old) | नई दर (2026 से) |
| कार्ड की कीमत | ₹50.00 | ₹75.00 |
| डिलीवरी चार्ज | शामिल | शामिल |
| GST/टैक्स | शामिल | शामिल |
| कुल देय राशि | ₹50.00 | ₹75.00 |
इतिहास और विकास: लैमिनेटेड कागज से 'स्मार्ट कार्ड' तक का सफर
2010 में जब आधार की शुरुआत हुई थी, तब यह केवल एक प्रिंटेड कागज के रूप में मिलता था। लोग इसे खुद ही लैमिनेट करवा कर रखते थे, जो अक्सर मुड़ जाता था या फोटो धुंधली हो जाती थी। ऐतिहासिक रूप से देखें तो UIDAI ने 2020 में पहली बार आधिकारिक तौर पर PVC कार्ड की सुविधा शुरू की थी, ताकि नागरिकों को एक टिकाऊ पहचान पत्र मिल सके। शुरुआत में इसकी मांग इतनी अधिक थी कि सर्वर तक क्रैश हो गए थे। अब 2026 में हुई यह फीस वृद्धि आधार के इतिहास में इसकी सर्विस कॉस्ट में किया गया सबसे बड़ा बदलाव माना जा रहा है। यह बदलाव डिजिटल इंडिया के उस दौर में आया है जहाँ सुरक्षा अब प्राथमिकता बन चुकी है।
ऑर्डर करने का तरीका: स्टेप-बाय-स्टेप गाइड
कीमतें बढ़ने के बावजूद, इसे मंगाना बेहद आसान है। बस इन स्टेप्स को फॉलो करें:
-
वेबसाइट: UIDAI की आधिकारिक साइट पर जाएं और 'Order Aadhaar PVC Card' चुनें।
-
लॉगिन: अपना 12 अंकों का आधार नंबर और कैप्चा डालें। OTP के जरिए इसे वेरीफाई करें।
-
पेमेंट: अब आपको 75 रुपये का ऑनलाइन भुगतान करना होगा (UPI, कार्ड या नेट बैंकिंग से)।
-
डिलीवरी: भुगतान के 5 दिनों के भीतर कार्ड प्रिंट होकर डाक विभाग को दे दिया जाता है और 15 दिनों के अंदर आपके घर पहुँच जाता है।
स्टेटस कैसे चेक करें?
अगर आपने पैसे दे दिए हैं और कार्ड नहीं आया, तो घबराएं नहीं। 'Check Aadhaar PVC Card Status' पर जाकर अपना SRN (Service Request Number) डालें। यहाँ आपको पता चल जाएगा कि आपका कार्ड प्रिंट हो रहा है या आपके शहर के पोस्ट ऑफिस पहुँच चुका है।
सुरक्षा की छोटी सी कीमत
25 रुपये की बढ़ोत्तरी भले ही चुभने वाली हो, लेकिन जिस तरह के सुरक्षा फीचर्स इस पीवीसी कार्ड में मिलते हैं, वह इसे आज के समय की जरूरत बनाते हैं। फर्जी आधार के बढ़ते मामलों के बीच, यह 'स्मार्ट कार्ड' आपकी पहचान को सुरक्षित रखने का सबसे पुख्ता जरिया है।
What's Your Reaction?


