Ranchi Dam Tragedy: हटिया डैम से युवक का शव बरामद, रात से लग रही थी तलाश, NDRF की टीम ने निकाला

धुर्वा के हटिया डैम में डूबे युवक अमन कुशवाहा का शव एनडीआरएफ ने मंगलवार को बरामद किया, बाइक और सामान मिलने के बाद आशंका जताई गई थी, पुलिस जांच जारी।

Apr 28, 2026 - 14:42
 0
Ranchi Dam Tragedy: हटिया डैम से युवक का शव बरामद, रात से लग रही थी तलाश, NDRF की टीम ने निकाला
Ranchi Dam Tragedy: हटिया डैम से युवक का शव बरामद, रात से लग रही थी तलाश, NDRF की टीम ने निकाला

Ranchi Shocker: रांची के धुर्वा स्थित हटिया डैम से मंगलवार को डूबे युवक का शव बरामद कर लिया गया। एनडीआरएफ (NDRF) की टीम ने काफी मशक्कत के बाद शव को डैम से निकाला। युवक की पहचान अमन कुशवाहा (आदर्श नगर, धुर्वा निवासी) के रूप में हुई है।

सोमवार की रात बाइक छोड़ी, शव नहीं मिला था

सोमवार देर रात अमन कुशवाहा के डैम में डूबने की सूचना मिलते ही इलाके में हड़कंप मच गया। डैम के किनारे अमन की बाइक और सामान बरामद हुए थे, लेकिन उसका कोई अता-पता नहीं मिल पाया था। इसके बाद लोगों ने युवक के डूबने की आशंका जताई। रात भर काफी खोजबीन के बाद भी युवक का पता नहीं चल सका।

मंगलवार को एनडीआरएफ ने शुरू किया रेस्क्यू

मंगलवार सुबह सूचना मिलने के बाद एनडीआरएफ की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। टीम ने काफी मशक्कत के बाद डैम में डूबे अमन कुशवाहा के शव को बाहर निकाल लिया। मशक्कत इसलिए थी क्योंकि डैम का पानी गहरा है और अंधेरा भी था।

शव मिलते ही परिजनों में कोहराम

जैसे ही शव बरामद हुआ, परिजन दहाड़ मारकर रोने लगे। मां, पिता और भाई-बहन की आंखों से आंसू थम नहीं रहे थे। स्थानीय लोगों की भीड़ भी मौके पर जमा हो गई थी। परिजनों ने प्रशासन से यह सुनिश्चित करने की मांग की है कि डैम के किनारे सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएं, ताकि भविष्य में ऐसी कोई घटना न हो।

पुलिस जांच कर रही कारणों की

अभी यह साफ नहीं हो पाया है कि अमन डैम में कैसे गिरा या उसने खुद कूदा? क्या वह तैर रहा था और तैरते-तैरते थक गया? क्या उसे कोई धक्का लगा? क्या यह एक दुर्घटना थी या कुछ और? पुलिस मामले की जांच कर रही है। युवक के दोस्तों और परिजनों से पूछताछ की जा रही है।

स्थानीय लोगों ने मांगी सुरक्षा व्यवस्था

हटिया डैम के आसपास रहने वाले लोगों ने प्रशासन से इस जलाशय के किनारे सुरक्षा बाउंड्री (रेलिंग) लगाने और चेतावनी बोर्ड रखने की मांग की है। एक स्थानीय व्यक्ति ने बताया, “पिछले हफ्ते भी एक बच्चा यहाँ लगभग डूबते-डूबते बचा था। कोई सुनवाई नहीं होती। आज एक जान चली गई। कब सरकार जागेगी?” लोगों ने घटना पर अफसोस जताया है और पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की है।

क्या बदलेगा अब?

यह घटना एक बार फिर रांची के डैम और अन्य जलाशयों पर सुरक्षा की कमी को उजागर करती है। रायपुर, जमशेदपुर, बोकारो जैसे शहरों में जहां डैम के पास आमतौर पर सुरक्षा रेलिंग होती है, वहीं रांची के हटिया डैम में बुनियादी सुरक्षा की भी कमी है। प्रशासन से उम्मीद की जाती है कि वह अब सचेत होगा और निवारक कदम उठाएगा।

एक युवा सपनों की दुनिया हुई तबाह

अमन कुशवाहा आदर्श नगर, धुर्वा का रहने वाला था। वह काफी हंसमुख और मिलनसार युवक था। परिवार में माता-पिता और भाई-बहन हैं। परिवार के लिए यह एक असहनीय क्षति है। अब परिवार की सारी जिम्मेदारियां अन्य सदस्यों पर आ गई हैं।

आपकी राय क्या है – क्या शहर के सभी डैम और जलाशयों के किनारे सुरक्षा दीवार और तैराकी पर प्रतिबंध का सख्त प्रावधान होना चाहिए? कमेंट में बताएं।
इस खबर को शेयर करें, ताकि आपके दोस्त और परिवार ऐसी त्रासदियों से सावधान रहें।
अपडेट के लिए बने रहें।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

Manish Tamsoy मनीष तामसोय कॉमर्स में मास्टर डिग्री कर रहे हैं और खेलों के प्रति गहरी रुचि रखते हैं। क्रिकेट, फुटबॉल और शतरंज जैसे खेलों में उनकी गहरी समझ और विश्लेषणात्मक क्षमता उन्हें एक कुशल खेल विश्लेषक बनाती है। इसके अलावा, मनीष वीडियो एडिटिंग में भी एक्सपर्ट हैं। उनका क्रिएटिव अप्रोच और टेक्निकल नॉलेज उन्हें खेल विश्लेषण से जुड़े वीडियो कंटेंट को आकर्षक और प्रभावी बनाने में मदद करता है। खेलों की दुनिया में हो रहे नए बदलावों और रोमांचक मुकाबलों पर उनकी गहरी पकड़ उन्हें एक बेहतरीन कंटेंट क्रिएटर और पत्रकार के रूप में स्थापित करती है।