Ranchi Accident : रांची में महिला सिपाही रंजिता एक्का की दर्दनाक मौत, हाईकोर्ट ड्यूटी जाते वक्त अज्ञात वाहन ने कुचला, रातू में मचा कोहराम

रांची के रातू थाना क्षेत्र में अज्ञात वाहन की टक्कर से झारखंड हाईकोर्ट में तैनात महिला सिपाही रंजिता एक्का की जान चली गई है। फुटकल टोली राइस मिल के पास हुए इस भीषण हादसे और पुलिस की छानबीन की पूरी रिपोर्ट यहाँ देखें।

Apr 1, 2026 - 17:30
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Ranchi Accident : रांची में महिला सिपाही रंजिता एक्का की दर्दनाक मौत, हाईकोर्ट ड्यूटी जाते वक्त अज्ञात वाहन ने कुचला, रातू में मचा कोहराम
Ranchi Accident : रांची में महिला सिपाही रंजिता एक्का की दर्दनाक मौत, हाईकोर्ट ड्यूटी जाते वक्त अज्ञात वाहन ने कुचला, रातू में मचा कोहराम

रांची/रातू, 1 अप्रैल 2026 – झारखंड की राजधानी रांची के रातू थाना क्षेत्र से एक बेहद दुखद और विचलित कर देने वाली खबर सामने आई है। बुधवार की सुबह फुटकल टोली राइस मिल के पास हुए एक भीषण सड़क हादसे में झारखंड पुलिस की महिला सिपाही रंजिता एक्का की अकाल मृत्यु हो गई। रंजिता झारखंड हाईकोर्ट में तैनात थीं और अपनी ड्यूटी निभाने के लिए घर से निकली थीं। रास्ते में एक अज्ञात तेज रफ्तार वाहन ने उन्हें इतनी जोरदार टक्कर मारी कि उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया। इस घटना ने एक बार फिर रांची की सड़कों पर बेलगाम दौड़ते वाहनों और सुरक्षा इंतजामों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

ड्यूटी का सफर बना आखिरी रास्ता: कैसे हुआ हादसा?

हादसा उस वक्त हुआ जब रंजिता एक्का अपनी रोजाना की ड्यूटी के लिए हाईकोर्ट की ओर जा रही थीं।

  • अज्ञात वाहन का कहर: रातू थाना क्षेत्र के फुटकल टोली स्थित राइस मिल के पास एक अज्ञात वाहन ने रंजिता की गाड़ी को पीछे से टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि रंजिता सड़क पर दूर जा गिरीं और उनके सिर में गंभीर चोटें आईं।

  • भीड़ और अफरा-तफरी: दुर्घटना के तुरंत बाद स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों की भारी भीड़ जमा हो गई। लोगों ने घायल महिला सिपाही को बचाने की कोशिश की, लेकिन चोट इतनी गहरी थी कि उनकी सांसें वहीं थम गईं।

  • पुलिस की सक्रियता: स्थानीय लोगों ने तत्काल रातू थाना पुलिस को सूचना दी। थाना प्रभारी अपनी टीम के साथ घटनास्थल पर पहुँचे और शव को अपने कब्जे में लिया।

हाईकोर्ट में तैनात थीं रंजिता: महकमे में शोक

महिला सिपाही रंजिता एक्का झारखंड पुलिस की एक अनुशासित सदस्य के रूप में जानी जाती थीं।

  1. महत्वपूर्ण जिम्मेदारी: रंजिता झारखंड हाईकोर्ट की सुरक्षा व्यवस्था में तैनात थीं। यह एक संवेदनशील पोस्टिंग मानी जाती है, जहाँ ड्यूटी के प्रति समर्पण बेहद जरूरी होता है।

  2. परिवार पर टूटा पहाड़: एक वर्दीधारी सदस्य का इस तरह अचानक चले जाना उनके परिवार और सहकर्मियों के लिए किसी सदमे से कम नहीं है। खबर मिलते ही पुलिस मुख्यालय और हाईकोर्ट सुरक्षा इकाई में शोक की लहर दौड़ गई।

  3. कानूनी प्रक्रिया: पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए रिम्स (RIMS) भेज दिया है। पोस्टमार्टम के बाद ससम्मान विदाई के साथ शव परिजनों को सौंपा जाएगा।

रातू और एनएच-75: दुर्घटनाओं का पुराना इतिहास

रांची का रातू इलाका और इससे गुजरने वाला एनएच-75 (रांची-डालटेनगंज रोड) हादसों का 'ब्लैक स्पॉट' बनता जा रहा है।

  • रफ्तार का जुनून: रातू रोड पर भारी वाहनों की आवाजाही 24 घंटे बनी रहती है। रात और भोर के समय ट्रक और डंपर चालक निर्धारित गति सीमा की परवाह नहीं करते, जिसके कारण छोटे वाहन चालक अक्सर हादसों का शिकार होते हैं।

  • ऐतिहासिक डेटा: पिछले एक साल में रातू थाना क्षेत्र में सड़क हादसों में एक दर्जन से अधिक लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। फुटकल टोली और तिलता चौक जैसे पॉइंट्स पर डिवाइडर और लाइटिंग की कमी भी एक बड़ा कारण रही है।

  • हिट एंड रन के मामले: इस इलाके में 'हिट एंड रन' (टक्कर मारकर भागना) की घटनाएं सबसे अधिक होती हैं, क्योंकि अपराधियों को लगता है कि वे खुले रास्तों का फायदा उठाकर जिले की सीमा पार कर लेंगे।

पुलिस की जांच: 'कातिल' वाहन की तलाश जारी

रातू थाना प्रभारी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कई टीमों को जांच में लगाया है।

  • CCTV फुटेज की जांच: पुलिस राइस मिल के पास लगे सीसीटीवी कैमरों और हाईवे पर स्थित विभिन्न ढाबों के फुटेज खंगाल रही है ताकि उस अज्ञात वाहन और उसके रजिस्ट्रेशन नंबर की पहचान की जा सके।

  • संदिग्ध वाहनों की धरपकड़: पुलिस ने जिले की सीमाओं पर नाकेबंदी कर दी है और उस समय वहां से गुजरे संदिग्ध ट्रकों और भारी वाहनों की लिस्ट तैयार की जा रही है।

  • थाना प्रभारी का बयान: थाना प्रभारी ने बताया कि अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या (बीएनएस की सुसंगत धाराओं) के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस बहुत जल्द आरोपी चालक को गिरफ्तार कर लेगी।

महिला सिपाही रंजिता एक्का की मौत ने हमें फिर से सोचने पर मजबूर कर दिया है कि हमारी सड़कों पर सुरक्षा के दावे कितने खोखले हैं। एक पुलिसकर्मी जो दूसरों की सुरक्षा के लिए घर से निकला था, वह खुद असुरक्षित सड़क का शिकार हो गया। रातू की सड़कों पर बेखौफ दौड़ते 'काल रूपी' वाहन कब तक मासूमों और वर्दीधारियों का खून बहाते रहेंगे? रंजिता का बलिदान पुलिस महकमे के लिए एक बड़ी क्षति है। अब देखना यह है कि पुलिस प्रशासन कितनी जल्दी उस अज्ञात कातिल वाहन को ढूंढ निकालता है और पीड़ित परिवार को न्याय मिलता है।

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Manish Tamsoy मनीष तामसोय कॉमर्स में मास्टर डिग्री कर रहे हैं और खेलों के प्रति गहरी रुचि रखते हैं। क्रिकेट, फुटबॉल और शतरंज जैसे खेलों में उनकी गहरी समझ और विश्लेषणात्मक क्षमता उन्हें एक कुशल खेल विश्लेषक बनाती है। इसके अलावा, मनीष वीडियो एडिटिंग में भी एक्सपर्ट हैं। उनका क्रिएटिव अप्रोच और टेक्निकल नॉलेज उन्हें खेल विश्लेषण से जुड़े वीडियो कंटेंट को आकर्षक और प्रभावी बनाने में मदद करता है। खेलों की दुनिया में हो रहे नए बदलावों और रोमांचक मुकाबलों पर उनकी गहरी पकड़ उन्हें एक बेहतरीन कंटेंट क्रिएटर और पत्रकार के रूप में स्थापित करती है।